
जबलपुर। मप्र हाईकोर्ट ने आयुक्त लोक स्वास्थ्य एवं मेडिकल एजुकेशन विभाग के आयुक्त को प्रदेश के विभिन्न सरकारी अस्पतालों में डिप्टी रजिस्ट्रार, अस्पताल प्रबंधक और जैव रसायन अभियंता जैसे पदों पर नियुक्ति नियमों संबंधी शिकायत का निराकरण करने के निर्देश दिए हैं। जस्टिस एमएस भट्टी की एकलपीठ ने इसके लिए 15 दिन की मोहलत दी है।
सतना निवासी नरेंद्र सिंह सहित अलग-अलग जिलों के सरकारी अस्पतालों में डिप्टी रजिस्ट्रार, अस्पताल प्रबंधक और जैव रसायन अभियंता के पदों पर कार्यरत 28 याचिकाकर्ताओं ने यह याचिका दायर की है। याचिकाकर्ताओं की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता आदित्य संघी ने दलील दी कि सेवा शर्तों के अनुसार वेतन में 2 प्रतिशत की वृद्धि होनी चाहिए, लेकिन नए विज्ञापन में वेतन वृद्धि के लिए उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) का प्रावधान हटा दिया गया है। कोई नए नियम नहीं बनाए गए हैं, बल्कि 2018 के नियमों का पालन नहीं किया गया है।
