
मन्दसौर। मन्दसौर की सुप्रसिद्ध खेल संस्था नियुद्ध गुरुकुल की मेधावी खिलाड़ी श्रीवाली श्रीवास्तव मध्य प्रदेश शूंटिंग अकैडमी भोपाल में 3 वर्षों से प्रशिक्षण प्राप्त कर रही है और आगामी एशियन राइफल/पिस्तौल चौंपियनशिप 2026 में भारतीय टीम का प्रतिनिधित्व करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। श्रीवाली का चयन महिलाओं की सबसे कठिन मानी जाने वाली स्पर्धा 50 मीटर राइफल 3 पोजीशन के लिए हुआ है।
यह अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता नई दिल्ली के डॉ. कर्णी सिंह शूटिंग रेंज में 2 फरवरी से 14 फरवरी, 2026 तक आयोजित की जा रही है। इसमें एशिया के 20 से अधिक देशों के दिग्गज निशानेबाज हिस्सा ले रहे हैं। श्रीवाली का मुख्य मुकाबला 10 फरवरी को होगा, जहाँ वह अपनी एकाग्रता और सटीक निशाने का परिचय देंगी। एशियन शूटिंग कॉन्फेडेरेशन (एएससी) के अनुसार, यह टूर्नामेंट अंतरराष्ट्रीय सत्र के लिए महत्वपूर्ण है।
श्रीवाली ने हाल ही में राष्ट्रीय स्तर पर 3 टीम गोल्ड मेडल और 2 व्यक्तिगत सिल्वर मेडल जीतकर यह साबित कर दिया था कि उनमें विश्व चौंपियन बनने की क्षमता है। उनकी इस उपलब्धि पर वर्ल्ड नियुद्ध फेडरेशन के संस्थापक डॉ. नरेन्द्र श्रीवास्तव ने हर्ष व्यक्त करते हुए कहा कि, श्रीवाली ने अपने कड़े अनुशासन से सिद्ध कर दिया है कि मन्दसौर की मिट्टी में प्रतिभाओं की कमी नहीं है।
श्रीवाली के इस गौरवपूर्ण चयन पर मन्दसौर में खुशी का माहौल है। नियुद्ध गुरुकुल के प्रशिक्षकों ने श्रीवाली को बधाई देते हुए कहा कि उनका निशाना सफलता के शिखर पर है। जिला खेल एवं युवक कल्याण अधिकारी विजेंद्र देवड़ा और नियुद्ध एयरगन एवं आर्चरी स्पोर्ट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष श्री राजेन्द्र अग्रवाल ने इसे जिले के खेल इतिहास का एक महत्वपूर्ण क्षण बताया। श्रीवाली के माता-पिता, सीमा श्रीवास्तव और शैलेंद्र श्रीवास्तव साथ ही, वर्ल्ड नियुद्ध फेडरेशन के वरिष्ठ प्रशिक्षकगण एवं एसोसिएशन के मुख्य प्रशिक्षक (कोच) नियुद्ध गुरू प्रवीण भंडारी, नियुद्ध गुरू अजय सिंह चौहान सहित प्रशिक्षक सन्नी घोड़ेला, आदित्य सुरा, मनीष रैकवार, महेश गहलोत, नयनसी गंगवाल, अभिरुचि भंडारी, रजत राज श्रीवास्तव, वंशिका श्रीवास्तव एवं हर्षिता सिसोदिया, विशाल चौहान तथा एसोसिएशन के सभी पदाधिकारियों व सदस्यों सहित पूरा मन्दसौर उनके उज्जवल भविष्य की कामना कर रहा है।
