
भोपाल। केंद्रीय बजट 2026–27 के विरोध में रविवार को मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी कार्यालय के बाहर कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन का नेतृत्व प्रदेश कांग्रेस महामंत्री अमित शर्मा ने किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने हाथों में झुनझुना लेकर बजट को प्रतीकात्मक रूप से “झुनझुना बजट” करार दिया।
प्रदर्शन को संबोधित करते हुए अमित शर्मा ने कहा कि यह बजट महंगाई से त्रस्त आम जनता के लिए खोखले वादों के अलावा कुछ नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि बेरोजगार युवाओं, किसानों, महिलाओं और मध्यम वर्ग की जरूरतों को पूरी तरह नजरअंदाज किया गया है। न तो महंगाई से राहत दी गई है और न ही करों में कोई ठोस छूट। महिलाओं की सुरक्षा और रोजगार सृजन के लिए भी बजट में कोई ठोस प्रावधान नहीं है।
शर्मा ने यह भी आरोप लगाया कि बजट में मध्य प्रदेश के साथ सौतेला व्यवहार किया गया है। कृषि प्रधान राज्य होने के बावजूद किसानों, युवाओं और गरीब वर्ग के लिए कोई विशेष पैकेज या ठोस सहायता की घोषणा नहीं की गई। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य, शिक्षा और रोजगार जैसे बुनियादी क्षेत्रों में भी राज्य को अपेक्षित समर्थन नहीं मिला।
उन्होंने यूपीए सरकार के दौर से तुलना करते हुए कहा कि उस समय बजट में किसानों, युवाओं, शिक्षा और स्वास्थ्य को प्राथमिकता दी जाती थी, जबकि वर्तमान सरकार के बजट सिर्फ आंकड़ों के खेल तक सीमित रह गए हैं। उन्होंने केंद्रीय बजट 2026–27 को किसान-विरोधी, युवा-विरोधी, महिला-विरोधी और मध्यम वर्ग-विरोधी बताया।
प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता राहुल राज ने भी बजट की आलोचना करते हुए कहा कि यह स्पष्ट रूप से किसान और युवा विरोधी है। उन्होंने कहा कि किसानों की आय दोगुनी करने के दावे के बावजूद ट्रैक्टर, हार्वेस्टर, थ्रेशर और सिंचाई उपकरणों पर जीएसटी लगाकर खेती की लागत बढ़ाई जा रही है। उन्होंने न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) की कानूनी गारंटी के अभाव और रोजगार सृजन के लिए स्पष्ट रोडमैप न होने पर भी सवाल उठाए, जिससे “जॉबलेस ग्रोथ” की समस्या और गहराने का आरोप लगाया।
