
जबलपुर। जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डाईट) परिसर में बुधवार को शैक्षणिक उत्साह चरम पर दिखाई दिया। जहां विज्ञान, गणित, पर्यावरण एवं सामाजिक विज्ञान पर आधारित जोन (संभाग) स्तरीय दो दिवसीय प्रदर्शनी का भव्य शुभारंभ हुआ। आठ जिलों से चयनित 169 विद्यार्थियों ने अपने नवाचार, रचनात्मकता और आत्मविश्वास से पूरे परिसर को जीवंत कर दिया। प्रदर्शनी का उद्घाटन मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत अभिषेक गहलोत के मुख्य आतिथ्य में मां सरस्वती के पूजन, वंदना एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। इस अवसर पर जिला शिक्षा अधिकारी घनश्याम सोनी, डाईट प्राचार्य अजय दुबे, जिला परियोजना समन्वयक योगेश शर्मा सहित शिक्षा विभाग के अधिकारी, शिक्षक एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।
सीखने की संस्कृति को बढ़ावा
मुख्य अतिथि ने कहा कि इस प्रकार की प्रदर्शनियां रटंत विद्या से आगे बढ़कर करके सीखने की संस्कृति को बढ़ावा देती हैं। इससे विषयों की कठिनता और नीरसता दूर होती है तथा शिक्षण अधिक व्यावहारिक और प्रभावी बनता है। उन्होंने जोन स्तर तक पहुंचे विद्यार्थियों को बधाई देते हुए राज्य स्तर पर चयन के लिए शुभकामनाएं दीं।
मॉडल रहे दर्शकों के आकर्षण का केंद्र
प्रदर्शनी ‘विकसित एवं आत्मनिर्भर भारत’ की थीम पर आधारित रही। विद्यार्थियों ने विज्ञान, गणित, पर्यावरण एवं सामाजिक विज्ञान विषयों पर मॉडल, लघुनाटिका, स्वरचित एकल गीत, सेमिनार और प्रश्नमंच के माध्यम से अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। आधुनिक कृषि, उभरती प्रौद्योगिकी, वोकल फॉर लोकल, भारतीय लोकतंत्र, मतदान जागरूकता, जल संरक्षण, अपशिष्ट प्रबंधन, प्लास्टिक के विकल्प, सौरमंडल, भूकंप, ज्वालामुखी, गणितीय पार्क, ज्यामितीय आकृतियां, हड़प्पा संस्कृति और सिंधु घाटी सभ्यता जैसे विषयों पर बने मॉडल दर्शकों के आकर्षण का केंद्र रहे।
169 विद्यार्थियों की सशक्त सहभागिता
शाला स्तर से प्रारंभ होकर जनशिक्षा केंद्र, विकासखंड और जिला स्तर की चयन प्रक्रिया पार करते हुए आठ जिलों के 169 विद्यार्थी एवं 32 मार्गदर्शी शिक्षक जोन स्तरीय प्रदर्शनी में पहुंचे। विद्यार्थियों का उत्साह, प्रस्तुति कौशल और विषयों पर पकड़ देखते ही बन रही थी।
