भोपाल: राजधानी भोपाल से जुड़े दो अहम मुद्दों पर विधायक रामेश्वर शर्मा ने स्पष्ट और कड़े शब्दों में अपनी बात रखी है। एक ओर जहां गौमांस पकड़े जाने के मामले में उन्होंने दोषियों के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई की बात कही, वहीं दूसरी ओर एडीजी राजा बाबू सिंह के मदरसों में गीता पढ़ाने संबंधी बयान का खुलकर समर्थन किया। विधायक शर्मा के अनुसार कानून और संस्कृति दोनों के प्रश्न पर सरकार और प्रशासन किसी भी तरह की ढिलाई नहीं बरतेगा।
गौमांस पकड़े जाने के मामले में प्रतिक्रिया देते हुए विधायक रामेश्वर शर्मा ने कहा कि चाहे कोई भी दोषी हो, उसे छोड़ा नहीं जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि आरोपी चाहे असलम हो या कोई और, उसका चमड़ा निकाला जाएगा, संपत्ति जब्त की जाएगी और राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत कार्रवाई भी की जाएगी। इस पूरे प्रकरण में यह भी जांच की जा रही है कि किस देश के लोग यहां काम कर रहे थे। साथ ही, पहले जिन अधिकारियों ने लापरवाही बरती है, उनके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।
वहीं एडीजी राजा बाबू सिंह के मदरसों में गीता पढ़ाने संबंधी बयान पर विधायक शर्मा ने समर्थन जताते हुए कहा कि गीता विश्व में मानवता की रक्षा का सबसे बड़ा उदाहरण है। गीता से आत्मबल मिलता है, सामाजिक समरसता का ज्ञान होता है और अन्याय व अपराध के खिलाफ लड़ने की प्रवृत्ति विकसित होती है। उन्होंने कहा कि जब मदरसों में हिंदू बच्चों को बुलाकर उर्दू पढ़ाई जा सकती है, तो गीता पढ़ाने पर आपत्ति क्यों होनी चाहिए। गीता सबको पढ़नी चाहिए और सबको पढ़ानी भी चाहिए। विधायक ने कहा कि राजा बाबू सिंह का बयान स्वागत योग्य है।
