
सौसर। विधायक विजय चौरे की कार्यप्रणाली और उनके द्वारा मोहोड़ परिवार के खिलाफ की गई कथित आपत्तिजनक टिप्पणियों के विरोध में भाजपा ने शुक्रवार को सौंसर में विशाल ‘जनाक्रोश रैली’ निकालकर अपनी शक्ति का प्रदर्शन किया। बाजार चौक से लेकर तहसील कार्यालय तक हुए इस उग्र प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने विधायक के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और तहसील के समक्ष उनका पुतला दहन किया।
सभा में बरसे दिग्गज: “दायरे में रहें विधायक”
कार्यक्रम की शुरुआत बाजार चौक में आयोजित एक विशाल जनसभा से हुई। सभा को संबोधित करते हुए पूर्व मंत्री नाना भाऊ मोहोड़ पांढुरना बीजेपी जिलाध्यक्ष संदीप मोहोड़ छिंदवाड़ा अध्यक्ष शेषराव यादव, राजू परमार, संतोष जैन, एड.हरीश बत्रा,मोरेश्वर मर्सकोले, अज्जु ठाकुर, राजेंद्र भक्ते और पूर्व विधायक पंडित रमेश दुबे ने विधायक विजय चौरे को अपने दायरे में रहकर काम करने की सख्त नसीहत दी। नेताओं ने विधायक के ‘स्वेच्छानुदान’ में हुए कथित घोटाले और उनकी असंवेदनशील कार्यप्रणाली को जनता के बीच रखा।
उग्र रैली और पुतला दहन
सभा के बाद बाजार चौक से जनाक्रोश रैली निकली, जो मुख्य मार्ग होते हुए तहसील कार्यालय के समक्ष हाईवे पर पहुंची। यहाँ आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने विधायक विजय चौरे के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए उनका पुतला दहन किया। पुतला दहन के दौरान पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच तीखी नोकझोंक भी देखने को मिली।
सार्वजनिक माफी की मांग पर अड़े कार्यकर्ता
युवा नेता राहुल मोहोड़ के नेतृत्व में प्रदर्शन के दौरान भाजपा कार्यकर्ता इस मांग पर अडिग रहे कि विधायक चौरे को मौके पर बुलाया जाए और मोहोड़ परिवार के खिलाफ की गई आपत्तिजनक टिप्पणी के लिए वे सार्वजनिक रूप से माफी मांगें। पांढुरना भाजपा जिलाध्यक्ष संदीप मोहोड़ और प्रशासनिक अधिकारियों की लंबी समझाइश के बाद कार्यकर्ता ज्ञापन देने के लिए तैयार हुए। दिए गए ज्ञापन में विधायक चौरे के खिलाफ स्वेच्छानुदान घोटाले सहित अमर्यादित टिप्पणी पर कड़ी कार्यवाही करने की मांग की गई है।
प्रशासन के आश्वासन पर आंदोलन समाप्त
एसडीएम सौरभ पटेल और एडिशनल एसपी नीरज सोनी द्वारा ज्ञापन स्वीकार करने और पूरे मामले पर विधिसंगत कार्यवाही का ठोस आश्वासन देने के बाद आंदोलन वापस लेने की घोषणा की। जनाक्रोश रैली में पांढुरना, छिंदवाड़ा सहित मोहखेड़ से पार्टी नेता कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।जानकारों के मुताबिक, इस प्रदर्शन में पांच हजार से अधिक कार्यकर्ताओं की उपस्थिति दर्ज की गई.
