
छतरपुर। जिले में वर्ष 2025 सड़क सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण साबित हुआ है। जिले ने न केवल दुर्घटनाओं में कमी दर्ज की, बल्कि घायलों की संख्या में भी पिछले वर्ष की तुलना में बड़ा सुधार दिखाया है। 2024 में जहां 3094 लोग सड़क हादसों में घायल हुए थे, वहीं 2025 में यह संख्या घटकर 2089 रह गई, यानी कुल 1005 कम घायल। यह उपलब्धि प्रशासन की सख्ती, ट्रैफिक नियमों के बेहतर पालन और जनता की बढ़ती जागरूकता से संभव हुई है।
पुलिस और परिवहन विभाग द्वारा चलाए गए रोड सेफ्टी अभियान, हेलमेट और सीट बेल्ट की अनिवार्यता, स्कूल-कॉलेजों में जागरूकता कार्यक्रम, ओवरस्पीड पर कार्रवाई और चौराहों पर सीसीटीवी निगरानी जैसे कदमों ने जिले के सभी ब्लॉकों में सकारात्मक असर डाला है। 2025 में अधिकांश दुर्घटनाओं में यह देखा गया कि हेलमेट और सीट बेल्ट का उपयोग करने वाले लोगों को गंभीर चोटों से राहत मिली, जिससे ये सुरक्षा उपकरण जीवनरक्षक साबित हुए।
तहसीलवार आंकड़ों की बात करें तो छतरपुर शहर ने सबसे अच्छा प्रदर्शन किया, जहां 220 कम घायलों की संख्या दर्ज की गई। नौगांव में 197, गौरिहार में 109, घुवारा में 58 और लवकुशनगर में 63 कम घायल दर्ज किए गए। बिजावर, बकस्वाहा, चंदला, महाराजपुर और राजनगर में भी notable कमी देखने को मिली। यह सुधार बताता है कि जिले के हर क्षेत्र ने सड़क सुरक्षा के प्रति बेहतर प्रदर्शन किया है।
