
भोपाल: मप्र कांग्रेस मीडिया विभाग के प्रभारी एवं पूर्व मंत्री मुकेश नायक ने पत्रकारों से चर्चा करते हुए कहा कि बिहार चुनाव परिणाम “अप्रत्याशित” और “उलझन से भरे” हैं। उन्होंने कहा कि पार्टी इस परिणाम का विस्तृत मूल्यांकन करेगी। नायक ने दावा किया कि “हमें चुनाव से पहले ही नतीजों का अंदाज़ा था।”
पार्टी प्रवक्ता विक्रम चौधरी ने विपक्षी दलों की कठोर शब्दों में आलोचना करते हुए कहा कि उन्होंने एक “ढांचागत रूप से पूर्व-निर्धारित चुनाव” में भाग लेकर उसे संवैधानिक वैधता प्रदान कर दी। उनका आरोप था कि चुनाव का नतीजा पहले ही तय किया जा चुका था। वरिष्ठ नेता एवं प्रवक्ता रवि सक्सेना ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग (ईसीआई) ने एनडीए के पक्ष में परिणाम सुनिश्चित करने के लिए “सिस्टमैटिक अरेंजमेंट” किए। उन्होंने ईसीआई के आंकड़ों पर सवाल उठाते हुए कहा, “खुद चुनाव आयोग कहता है कि बिहार में 7.42 करोड़ मतदाता हैं। फिर 7.45 करोड़ लोग मतदान कैसे कर सकते हैं? तीन लाख अतिरिक्त वोटर कहां से आ गए?”
उन्होंने यह भी कहा कि आयोग के कुछ रिकॉर्ड में 100 प्रतिशत मतदान दर्ज है, “यह कैसे संभव है?”
प्रवक्ता विवेक त्रिपाठी ने कहा कि वर्तमान चुनाव प्रक्रिया की समीक्षा का समय आ चुका है। “हम भविष्य के चुनावों के लिए खुद को तैयार करेंगे,” उन्होंने कहा।
इधर,प्रवक्ता अभिनव बरोलिया ने कहा कि पार्टी नेता राहुल गांधी पहले ही भाजपा पर “वोट चोरी” का आरोप लगा चुके हैं। “बिहार की जनता यह समझती है। वे नतीजों से हैरान हैं। कांग्रेस अपने प्रदर्शन की समीक्षा कर जनता को हार के कारण बताएगी,” उन्होंने कहा।
कांग्रेस प्रवक्ता फिरोज़ सिद्दीकी का कहना था कि पार्टी ने चुनाव अच्छी तरह लड़ा। “हम बिहार चुनाव का मूल्यांकन करेंगे और इसके बाद भाजपा और चुनाव आयोग की पोल खोलेंगे,” उन्होंने कहा।
प्रदेश प्रवक्ता शहरयार खान ने मतदाताओं को कथित रूप से प्रलोभन देने की घटनाओं की निंदा की। उन्होंने कहा, “भाजपा के पक्ष में मिठाइयाँ बांटने और मतदाताओं को आकर्षित करने के प्रयास उनकी जीत के प्रमुख कारण रहे। यह लोकतंत्र की हत्या है।”
उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि ऐसी “विकास” की दावेदारी के बावजूद बिहार से बड़ी संख्या में लोग पलायन क्यों कर रहे हैं।
कांग्रेस प्रवक्ता प्रवीण धोलपुरे ने बिहार में अचानक बढ़े मतदाता आंकड़ों पर फिर सवाल उठाया। उन्होंने कहा, “राहुल गांधी पहले ही इस मुद्दे को उठा चुके हैं। जल्द ही बिहार की जनता के सामने सभी तथ्य आ जाएंगे।”
