ग्वालियर: देश में हो रहे आतंकवादी हमलों एवं हाल ही मेंं दिल्ली में हुए बम कांड पर अयोध्या श्रीराम मंदिर कमेटी के कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देवगिरी नेे ग्वालियर में कहा कि वास्तविकता ये है कि कुछ लोग पढ़-लिखकर चाहे कितने भी बड़े हो जाएं या हमारा देश शासन कितनी भी सुविधाएं प्रदान कर दे लेकिन उनका जो मूल संस्कार है लोगों का द्वेष करने का और मानवता का नाश करने का, वो जाता नहीं है। इसलिए ऐसे लोगों से देश को सुरक्षित रखने के लिए हमारा शासन काम कर ही रहा है और अधिक जागरूक होकर समाज को भी शासन का सहयोग करना चाहिए लेकिन ये बात ध्यान में रखनी चाहिए कि देश बहुत सुरक्षित नहीं है।
उन्होंने कहा कि अभी भी जो डिस्क्लोस हुआ है वो बहुत थोड़ा है। अभी इससे भी ज्यादा षडयंत्र हमारे देश में चल रहे हैं, उनको सावधानी के साथ खोलकर समाज को सुरक्षित रखने की योजनाएं समाज को स्वयं बनानी चाहिए। आरएसएस में आतंकी लोगों के आने के सवाल पर उन्होंने कहा कि बाहर के तो बहुत लोग हमारे ऊपर आक्रमण करने को तुले हुए हैं। लेकिन उनसे निपटना आसान है जो स्लीपिंग सेल देश में कार्यरत हैं, उनसे निपटना बहुत जरूरी है, ये कार्य कठिन भी है।
इसके लिए सावधान रहना होगा। समाज को सर्वधा सर्तक और सावधान रखें। इसके लिए आवश्यक है, चार बच्चे पैदा करो। दो बच्चों के लालन पालन मैं परेशानी आती है के सवाल पर उन्होंने कहा कि जो चार बच्चे पैदा नहीं करेंगे वो पछताएंगे ये मेरा पक्का विश्वास है। क्योंकि इसमें केवल हमारे देश की डेमोक्रेसी की बात नहीं है उनके परिवार के ही नष्ट होने का और कुल नष्ट होने की पूरी संभावना रहेगी। इसलिए हर परिवार में चार बालकों का जन्म होना जरूरी है।
