जबलपुर: शहपुरा तहसील क्षेत्र के किसानों में पराली न उठाए जाने को लेकर नाराजगी बढ़ती जा रही है। ग्राम गडर पिपरिया के किसान देवेश पटेल और सोनू पटेल ने बताया कि उन्होंने चार दिन पहले पराली उठाने के लिए संबंधित एजेंसियों को सूचना दी थी। कर्मचारियों ने आश्वासन दिया था कि अगले दिन मशीन भेज दी जाएगी, लेकिन अब तक मशीन नहीं पहुंची है। किसानों का कहना है कि खेतों में पराली पड़ी रहने से अगली फसल की बुवाई में दिक्कत आ रही है।
बार-बार सूचना देने के बावजूद विभाग की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई है। किसानों ने प्रशासन से जल्द से जल्द पराली उठाने की व्यवस्था करने की मांग की है। उल्लेखनीय है कि जिले में पराली उठाने के लिए दो एग्रीगेटर एजेंसियों, जिसमें एक रिलायंस बायो एनर्जी एवं एक अन्य से एग्रीमेंट हुआ है, जो की पाटन, मझौली एवं अन्य एक अन्य क्षेत्र में पराली उठाने का कार्य कर रही हैं।
20 एकड़ कटेगी फिर उठाएंगे: कर्मचारी
ग्राम के किसानों ने बताया कि फसल कटने के समय कंपनी के दो कर्मचारी आए थे, उन्होंने पूरी जानकारी ले ली लेकिन जब पराली उठाने की बारी आई तो उनका कहना था जब 20 एकड़ की फसल कट जाएगी तब पराली उठाएंगे। किसानों का कहना है कि जिसके पास 5 एकड़ खेती है और आस-पास के किसानों की फसल गीली है तो कट नहीं सकती है। लेकिन फसल कट गई है उनकी तो पराली उठ जानी चाहिए, क्योंकि उनको दूसरे फसल की बोवनी करनी है।
इनका कहना है
दो प्राइवेट एग्रीगेटर एजेंसी पराली उठाने का कार्य कर रही है, आने वाले समय में अन्य कंपनी भी जिले में आएंगी, अभी जिन किसानों को परेशानी हो रही है, उसके लिए कंपनी से चर्चा कर निर्देश दे दिए जाएंगे कि वह किसानों के हित में जल्दी कार्य करें।
डॉ एस के निगम, कृषि उपसंचालक
