ग्वालियर: विवाह संस्कार ईश्वर द्वारा दिया हुआ वरदान है जिससे मनुष्य अपने सामाजिक जीवन की दिशा तय करता है। परिवार एवं समाज में आज से जोड़ा एक नई भूमिका में होता है आज जो बेटी की भूमिका में है वह आज से पत्नी की भूमिका में होगी कल मां की भूमिका में होगी। उक्त उदगार प्रदेश के सामाजिक न्याय मंत्री नारायण सिंह कुशवाहा ने परमार्थ आश्रम में आयोजित सामूहिक विवाह समारोह में मुख्य अतिथि की आसंदी से व्यक्त किये।
कार्यक्रम की अध्यक्षता विधायक डॉक्टर सतीश सिंह सिकरवार ने की। इस अवसर पर संत श्री समरतीर्थ महाराज, संत समाज, पूर्व सभापति गंगाराम बघेल, पूर्व पार्षद ख्याली राम बघेल, कन्हैयालाल आनंद, मुरारी लाल मित्तल, मनीष शास्त्री मंचासीन थे। सामाजिक न्याय मंत्री कुशवाहा ने कहा कि वह 18 वर्षों से निरंतर आश्रम की विभिन्न गतिविधियों मैं शामिल हो रहे हैं।
आश्रम में पौधारोपण तथा धार्मिक आयोजन किया जा रहे हैं। सामूहिक विवाह जैसी आयोजन समाज के लिए वरदान है ऐसे आयोजनों से जहां समाज के खर्ची पर अंकुश लगता है वहीं सामाजिक समरसता का संदेश समाज में जाता है।
