

भोपाल। नगर निगम की 14 वीं परिषद बैठक गुरूवार को सपन्न हुई. इस मौके पर निगम परिषद में शामिल एजेंडे को बहुमत के आधार पारित किया गया. सदन में बांदीखेड़ी में पानी देने के प्रस्ताव को पारित किया गया. नगर निगम में अपर आयुक्तों का मुद्दा बैठक के दौरान गूंजा. अपर आयुक्त एकता अग्रवाल और देवेंद्र सिंह चौहान पर ट्रांसफर के बाद भी आर्डर करने के आरोप को लेकर तत्काल उन्हें हटाने की मांग की गई. सदन की कार्यवाही के दौरान ने बीजेपी के चार पार्षदों ने अपनी ही शहर से पर सवाल उठाए, जिन्हें महापौर ने चुप कराया. बीजेपी पार्षद ममता मनोज विश्वकर्मा ने स्वच्छता सर्वेक्षण में किए गए राशि की जानकारी मांगी. उन्होंने कहा कि मेरे वार्ड में सौंदर्यीकरण का काम नहीं हुआ है. बीजेपी के कई सारे पार्षदों ने भी इस दौरान अपने अपनी शहर सरकार को घेरा. एमआईसी आर.के. सिंह बघेल ने इस पर जबाब दिया कि जहां काम नहीं हुए हैं वहां हम काम कर देंगे. बीजेपी पार्षद ममता विश्वकर्मा ने कहा हमारे वार्ड में कुछ नहीं हुआ. उन्होंने इस पर लिखित में जवाब देने की मांग भी की. निगम अध्यक्ष ने इस पर आसंदी से जांच के निर्देश दिए.
आईएसबीटी निगम कार्यालय के सभागार में प्रश्न कालीन सत्र दोपहर 12 बजे के बाद शुरू हुआ. निमग के सदन में भारत सरकार की ईएमसी 2.0 बांदीखेड़ी जलापूर्ति योजना का प्रस्ताव लाया, जिसे मंजूर भी किया गया. इस प्रस्ताव को भाजपा पार्षदों ने मंजूरी दी. कांग्रेस के पार्षदों ने इस पर अपनी आपत्ति जताई. प्रस्ताव को एमआईसी मेंबर रविंद्र यती ने सदन में पेश किया. विपक्ष के पार्षदों के सवाल पर एमआईसी मेंबरों ने इस पर जवाब प्रस्तुत किए.
निगम अधयक्ष किशन सूर्यवंशी ने सत्र की शुरुआत करते हुए पार्षदों को सवाल के लिए आमंत्रित किया. महापौर मालती राय और नेता प्रतिपक्ष शबिस्ता आसिफ जकी ने सदन की कार्रवाई से पहले अपने तथ्यों को रखा. सदन में लंच के पहले कांग्रेस पार्षद शीरीन खान, नसीम गफूर, योगेन्द्र सिंह गुड्डू ने अपने सवाल पटल पर रखे. विपक्ष के पार्षद योगेन्द्र सिंह गुड्डू ने भोपाल में सिटी बसों के संचालन का सवाल किया. सत्ता पक्ष के पार्षद इस पर जवाब दे रहे थे, इसी बीच आयुक्त संस्कृति जैन ने सदन को बताया कि एक माह के भीतर भोपाल में 70 बसें चलाने का लक्ष्य रखा गया है और संबंधित एजेंसी से चर्चा भी की जा चकी है.
