मंडला:जिले में स्वास्थ्य व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करते हुए महराजपुर क्षेत्र में एक बड़ा खुलासा हुआ है। डॉ. सद्दाम हुसैन नामक व्यक्ति पिछले सात वर्षों से बिना लाइसेंस, बिना अनुमति और बिना चिकित्सकीय योग्यता के अवैध क्लिनिक चला रहा था। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग की आंखों पर पट्टी बंधी रही, जबकि दवा माफिया उसके क्लिनिक को नियमित रूप से सप्लाई देता रहा।शनिवार को राजस्व और स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त टीम ने सूचना मिलने पर छापामार कार्रवाई की। जांच में क्लिनिक से भारी मात्रा में प्रतिबंधित, संदिग्ध और अनियमित दवाइयां बरामद हुईं। टीम ने मौके से बिल बुक, पर्चे और कई नकली दवाएं जब्त कीं।
तहसीलदार हिमांशु भारद्वाज ने बताया, “बिना पंजीयन चल रहे इस क्लिनिक में ग्रामीणों की जान से खिलवाड़ किया जा रहा था। ऐसे अवैध केंद्रों पर अब सख्त कार्रवाई होगी।”प्रशासन ने डॉ. सद्दाम हुसैन के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। क्लिनिक और मेडिकल दुकान में पाई गई सभी दवाएं जब्त कर ली गई हैं। इसी दौरान स्वास्थ्य विभाग की दूसरी टीम ने जिला मुख्यालय से 15 किलोमीटर दूर हृदय नगर में एक आयुर्वेदिक डॉक्टर को एलोपैथी इलाज करते पाए जाने पर उसका क्लिनिक भी सील कर दिया।
विभागीय सूत्रों के मुताबिक, मंडला में कई अवैध क्लिनिक और दवा दुकानें संचालित हो रही हैं जहां न तो चिकित्सकीय योग्यता है, न स्वच्छता के मानक। प्रशासन ने जनता से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध उपचार केंद्र या दवा दुकान की सूचना तत्काल दें, ताकि दवा माफियाओं और फर्जी डिग्री वाले झोलाछाप डॉक्टरों पर नकेल कसी जा सके।यह कार्रवाई न केवल कानून का पालन कराने में अहम कदम है, बल्कि फर्जी चिकित्सकों में भय का माहौल बनाने और जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में मिसाल भी है।
