वाराणसी, 3 अक्टूबर (वार्ता) धार्मिक नगरी काशी के नाटी इमली मैदान में होने वाली विश्व प्रसिद्ध भरत मिलाप लीला शुक्रवार को जोरदार बारिश के बीच संपन्न हुई। खास बात यह रही कि बड़ी संख्या में भक्त बारिश में भीगते हुए इस लीला को देखने पहुंचे। परंपरा के अनुसार, काशी नरेश अनंत नारायण सिंह भी इस आयोजन में शामिल हुए।
श्री चित्रकूट रामलीला समिति के अध्यक्ष सुबोध अग्रवाल ने बताया कि गोस्वामी तुलसीदास के समकालीन संत मेघा भगत के समय से इस ऐतिहासिक लीला की शुरुआत मानी जाती है। इस अवसर पर यादव बंधुओं और काशीवासियों द्वारा पुष्पक विमान की पूजा की जाती है। दोपहर 3:45 बजे पुष्पक विमान पर प्रभु श्री राम, लक्ष्मण और माता जानकी सवार होकर धूपचंडी मैदान से नाटी इमली मैदान की ओर प्रस्थान करते हैं। विशेष बात यह है कि कई टन वजन वाले पुष्पक विमान को काशीवासी यादव बंधु अपने कंधों पर उठाकर लीला स्थल तक ले जाते हैं। ठीक 4:40 बजे, अस्ताचलगामी सूर्य की किरणों के बीच श्री राम, लक्ष्मण, भरत और शत्रुघ्न का भावपूर्ण मिलाप होता है।
