इंदौर: शहर में गोबर के बने दीयों से इस बार दिवाली रोशन करने की पहल प्रशासन द्वारा की गई हैं. हातोद स्थित गोशाला में दीपक बनाने की दो मशीन स्थापित की गई है. शहर में प्रशासन अगले कुछ दिनों में लाखों दीये बनाने के लिए ओर मशीनें स्थापित करेगा.स्वदेशी अभियान को लागू करने के तहत कलेक्टर शिवम वर्मा ने गोबर के दीये बनाने के नवाचार की पहल की है. दीपावली पर शहर के घर-घर में गाय के गोबर से बने दीये जलेंगे. इसके लिए नगर निगम की हातोद क्षेत्र स्थित गौशाला में दो मशीनें स्थापित की गई हैं, वहीं अगले कुछ दिनों में और मशीनें लगाई जाएंगी.
इससे शहर के लोगों को लाखों की संख्या में दीये उपलब्ध कराएं जा सके. दीयों की पैकिंग कर बाजार में भी उपलब्ध कराया जाएगा. कलेक्टर वर्मा स्वयं इस अभियान की मॉनीटरिंग कर रहे हैं. उन्होंने पशुपालन विभाग, नगर निगम और जिला पूर्ति नियंत्रक सहित स्तरीय अधिकारियों को उक्त कार्य की रोजाना रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं. गौशाला स्वामी अच्युतानंद महाराज ने स्वयं की उपस्थिति में दीये बनाना शुरू करवाएं. विशेष साँचों से विविध आकार के दीये तैयार किए जा रहे हैं. स्वामी ने कहा कि इससे स्वदेशी उत्पादों को नई दिशा मिलेगी.
घर-घर जलाएं गोबर के दीये
कलेक्टर शिवम वर्मा ने जनता से अपील की है कि धनतेरस से लेकर दीपावली तक तथा इसके पश्चात भी आने वाले अन्य त्योहारों पर भी पवित्र गोबर के दीये घर-घर में जलाएं. इससे स्वदेशी अभियान को बल मिलेगा और गायों के संरक्षण, गौशालाओं की आत्मनिर्भरता और सनातन परंपराओं के संरक्षण में भी सहयोग मिलेगा
