
नीमच। जिला मुख्यालय से सटे गांव धनेरिया कला में स्थित मां भैंसा श्री माताजी का चमत्कारी मंदिर श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र है। भक्तों की मान्यता है कि माता जी दुख-दर्द दूर कर जीवन में सुख-समृद्धि प्रदान करती हैं।
मंदिर परिसर में स्थित मां की कुई विशेष आस्था का केंद्र है, जिसका जल अमृत तुल्य माना जाता है। श्रद्धालुओं का विश्वास है कि इस जल से स्नान करने और सेवन करने से शारीरिक रोग दूर हो जाते हैं। यहां तक कि लकवा (पैरालिसिस) जैसे गंभीर रोग भी माता जी की कृपा से दूर हो जाते हैं।
मंदिर के पुजारी मुकेश नाथ ने बताया कि प्रतिदिन बड़ी संख्या में भक्तजन यहां पहुंचते हैं और माता जी की कृपा से लाभान्वित होते हैं। उन्होंने कहा कि कई ऐसे उदाहरण सामने आए हैं, जहां लंबे समय से पीडि़त लोग माता जी की कुई के जल से स्वस्थ हुए हैं।
भक्तों का विश्वास और चमत्कारिक अनुभव-
ग्रामीणों एवं श्रद्धालुओं का कहना है कि इस मंदिर में मां भैंसा श्री माताजी की असीम शक्ति का अनुभव हर भक्त को होता है। यहां मन से की गई प्रार्थना अवश्य पूरी होती है। कुई का जल किसी साधारण जल की तरह नहीं बल्कि भक्तों के लिए अमृत समान है, जो तन-मन को शुद्ध कर जीवन को नया आयाम देता है। धनेरिया कला का यह मंदिर न केवल आसपास के ग्रामीण अंचल के लोगों के लिए बल्कि दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए भी आस्था का पवित्र स्थल बन चुका है।
