नैनीताल 16 सितंबर (वार्ता) उत्तराखंड के काशीपुर शहर में नालों के ऊपर किए गए अतिक्रमण का मामला उच्च न्यायालय पहुंच गया है। इस मामले में 27 अक्टूबर को सुनवाई होगी।
मामले के अनुसार स्थानीय निवासी विनोद की ओर से जनहित याचिका के माध्यम से इसे चुनौती दी गई है। साथ ही इस प्रकरण पर मुख्य न्यायधीश जी. नरेंदर और न्यायमूर्ति सुभाष उपाध्याय की खण्डपीठ में सुनवाई हुई।
याचिकाकर्ता की ओर से कहा गया है कि काशीपुर शहर में कई वर्षों से नालों के ऊपर अतिक्रमण हुआ है। जिसकी वजह से शहर का ड्रेनेज सिस्टम प्रभावित हो रहा है। कुछ जगहों पर नालों को ढका (कवर) भी किया गया है।
नालों से अतिक्रमण हटाने के लिए वर्ष 2012 में जनहित याचिका दायर की गई थी। वर्ष 2015 में अदालत ने उस पर सुनवाई करते हुए आदेश दिया था कि नालों से नियमानुसार अतिक्रमण हटाया जाय।
सार्वजनिक (अनधिकृत कब्जाधारी बेदखली) अधिनियम, 1971 (पीपी एक्ट) के तहत सभी को नोटिस जारी किया जाये लेकिन इसके बावजूद अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की गयी। खंडपीठ से अतिक्रमण हटाने के लिए काशीपुर नगर निगम एवं प्रसाशन को आदेश दिए जाने आग्रह किया गया है।
