सिंगरौली। प्रदेश में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर सरकार बड़े-बड़े दावे करती है, लेकिन हकीकत इससे उलट दिखाई दे रही है। सिंगरौली जिले के नौगढ़ (कोतवाली बैढ़न) का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें महिलाओं को दिनदहाड़े खदेड़-खदेड़कर पीटा जा रहा है।
पीड़ित महिलाओं ने पुलिस अधीक्षक को शिकायती पत्र सौंपकर न्याय की गुहार लगाई है। उनका आरोप है कि कोतवाली बैढ़न में ऑनलाइन शिकायत तो दर्ज हुई, लेकिन पुलिस ने अभी तक मामला कायम नहीं किया। महिलाओं का कहना है कि कोतवाली पुलिस दबाव और लेन-देन के चलते कार्रवाई से बच रही है।
मारपीट का आरोप
अनीता पाण्डेय (निवासी वार्ड क्रमांक 45, नौगढ़) ने शिकायती पत्र में बताया कि 14 सितंबर की सुबह करीब 8 बजे लालबाबू नामक व्यक्ति ने रंजन पाण्डेय को उठाकर पटक दिया। बचाने आई अनीता समेत रंजन की मां और दादी पर भी हमला किया गया। इसके बाद श्यामकली पाण्डेय और शीला पाण्डेय को भी मारपीट का शिकार बनाया गया। महिलाओं का कहना है कि आरोपियों ने खदेड़-खदेड़कर मारपीट की, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आईं।
लूट और जान से मारने की धमकी
महिलाओं ने आरोप लगाया कि हमले के दौरान उनके गहने और मोबाइल फोन भी लूट लिए गए। श्यामकली पाण्डेय का मंगलसूत्र और मोबाइल, अनीता पाण्डेय का मंगलसूत्र, झुमका और मोबाइल तथा शीला पाण्डेय की चांदी की चूड़ी छीन ली गई। इसके बाद आरोपियों ने जान से मारने की धमकी भी दी।
पुलिस पर गंभीर आरोप
महिलाओं ने कोतवाली पुलिस पर रिश्वत लेकर मामला दबाने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि थाने में मौजूद ‘मूंछ वाले अधिकारी’ को दूसरी पार्टी ने पैसे दिए, जिसके बाद एफआईआर दर्ज नहीं की गई। यहां तक कि पुलिस ने देर से मौके पर पहुंचकर उनके बयान भी दर्ज नहीं किए।
पीड़िताओं ने पुलिस अधीक्षक से मांग की है कि आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और उन्हें सुरक्षा उपलब्ध कराई जाए।
