चंडीगढ़ 12 सितम्बर (वार्ता) गगनजीत भुल्लर ने अपने अनुभव का परिचय देते हुए 1-अंडर 71 का स्थिर स्कोर खेला और ओवरनाइट लीडर शौर्य बिन्नू के साथ संयुक्त पहले स्थान पर पहुंच गए।
भुल्लर (70-71) और बिन्नू (69-72) दोनों 3-अंडर पर बराबरी पर रहे। आईजीपीएल टूर का यह उद्घाटन मुकाबला बेहद रोमांचक मोड़ पर है, जबकि कपिल कुमार और हरेंद्र गुप्ता 1-अंडर के स्कोर के साथ दो शॉट पीछे तीसरे स्थान पर संयुक्त रूप से हैं। छह खिलाड़ी ईवन पार पर रहे, क्योंकि कोर्स पर कम स्कोर निकालना आसान नहीं रहा और इससे फाइनल राउंड से पहले लीडरबोर्ड पर कड़ा संघर्ष देखने को मिला।
10 खिलाड़ी केवल तीन शॉट्स के भीतर हैं और पहले आईजीपीएल चैम्पियन बनने की होड़ बेहद कड़ी हो गई है। यह फाइनल दिन भारतीय गोल्फ में कम ही देखने को मिलने वाले रोमांच का वादा कर रहा है, जहां युवा और अनुभवी खिलाड़ियों के बीच कड़ा मुकाबला होगा।
मुकाबले को और खास बनाने वाली बात यह रही कि महिला प्रो जहान्वी बक्शी भी पांचवें स्थान पर संयुक्त रूप से खड़ी हैं और लीडर्स से केवल तीन शॉट पीछे हैं। अगर वह खिताब जीतती हैं, तो यह ऐतिहासिक होगा और चोटों से जूझने के बाद उनकी वापसी को नई ऊंचाई देगा। यह मुकाबला 1.5 करोड़ रुपये इनामी राशि वाले पहले आईजीपीएल इनविटेशनल चंडीगढ़ टूर्नामेंट का हिस्सा है। भुल्लर और बिन्नू भले ही संयुक्त लीड पर हैं, लेकिन अनुभवी और युवा खिलाड़ियों का बड़ा समूह उनसे केवल कुछ कदम पीछे है और सभी की नजर 22.50 लाख रुपये की विजेता राशि पर है, जो भारत में घरेलू टूर्नामेंट्स में अब तक की सबसे बड़ी पुरस्कार राशि में से एक है।
भीड़भाड़ वाले लीडरबोर्ड पर दो डेब्यू कर रहे प्रोफेशनल्स कार्तिक सिंह (73-71) और वीर गणपति (72-72) ने भी सबका ध्यान खींचा। कार्तिक, वीर और जहान्वी, संजू कुमार, स्थानीय खिलाड़ी रंजीत सिंह और सार्थक चिब्बर (जिन्होंने दूसरे दिन 69 का शानदार स्कोर खेला जबकि पहले दिन 75 का स्कोर था) के साथ पांचवें स्थान पर संयुक्त रूप से हैं। भुल्लर ने पहले होल पर बोगी बनाई लेकिन इसके बाद दूसरे और चौथे होल पर बर्डी से वापसी की। इसके बाद उन्होंने लगातार पार खेले। 12वें पर बर्डी और 14वें पर बोगी के साथ उन्होंने 71 का स्कोर बनाया और 3-अंडर पर पहुंच गए।
भुल्लर ने कहा, “चंडीगढ़ मेरे लिए घर जैसा है। यहां नए आईजीपीएल टूर की जीत से शुरुआत करना मेरे लिए बेहद खास होगा। साथ ही, मुझे युवाओं के साथ खेलना और बातचीत करना अच्छा लगा। इनमें गजब की प्रतिभा और भविष्य है।”
बिन्नू, जिन्होंने दिन की शुरुआत 3-अंडर की लीड से की थी, शुरुआती होल्स में शानदार खेल दिखा रहे थे। पहले सात होल्स में उन्होंने तीन बर्डी और एक बोगी बनाई। 12वें पर एक और बर्डी से वह दिन में तीन-अंडर और टूर्नामेंट में छह-अंडर पर पहुंचकर मजबूत स्थिति में दिखे। फिर 14वें से 16वें तक के होल्स पर बोगी-डबल बोगी-बोगी के साथ उनकी बढ़त खत्म हो गई और वह 1-ओवर पर आ गए। 17वें पर बर्डी से उन्हें थोड़ी राहत मिली। पहले दिन 69 के बाद उनका दूसरा दिन ईवन पार पर खत्म हुआ।
बिन्नू ने कहा, “मैं यह नहीं कहूंगा कि पुटिंग में दिक्कत थी, बस खेल क्लिक नहीं कर रहा था। खासकर 14-15-16 होल्स मेरी आंख को सूट नहीं करते।”
कार्तिक का स्कोरकार्ड एक रोलर-कोस्टर जैसा रहा, जिसमें पांच बर्डी और तीन बोगी थीं। 16वें तक, जिस पर उन्होंने बर्डी की, वह 2-अंडर पर थे और लीड की ओर बढ़ रहे थे। लेकिन आखिरी दो होल्स पर लगातार बोगी से वह ईवन पार पर लौट आए और लीडर्स से तीन शॉट पीछे रहे।
कार्तिक ने कहा, “अंत में पुटिंग ने निराश किया, लेकिन फाइनल राउंड में सुधार करने का भरोसा है।”
वीर गणपति ने लगातार दूसरे दिन ईवन पार खेला। वह अपने पिता और पूर्व ऑल इंडिया एमेच्योर चैंपियन राहुल गणपति की निगरानी में खेल रहे थे, जिन्होंने एक प्रो इवेंट में कभी 12-अंडर का स्कोर बनाया था।
भुल्लर और बिन्नू से पीछे संयुक्त तीसरे स्थान पर कपिल कुमार और हरेंद्र गुप्ता थे। कपिल गोल्फिंग परिवार से आते हैं, जबकि हरेंद्र का चंडीगढ़ गोल्फ क्लब के साथ गहरा नाता है। चंडीगढ़ के 41 वर्षीय हरेंद्र ने इसी कोर्स से खेल सीखा और यहीं अपनी कला को निखारा। उनकी 11 प्रो जीतों में से चार इसी कोर्स पर आई हैं। एक जीत तो तब मिली थी जब वह 2003-04 में एमेच्योर ही थे। हरेंद्र ने कहा कि आईजीपीएल ने उन्हें नया मोटिवेशन दिया है।
33 वर्षीय कपिल भारतीय प्रो टूर पर कई बार टॉप-5 में रहे हैं, लेकिन अब भी अपने पहले प्रोफेशनल खिताब की तलाश में हैं।
दो दिनों के बाद महिला खिलाड़ियों में सबसे आगे जहान्वी रहीं, जो हितााशी की बड़ी बहन हैं। हितााशी इस हफ्ते स्विट्ज़रलैंड में आईजीपीएल टूर्नामेंट खेल रही हैं। चोटों के बाद जहान्वी की यह वापसी उनके करियर के लिए नया संबल बनी है।
जहान्वी ने कहा, “आईजीपीएल मेरे लिए शानदार अवसर रहा। इसने मुझे फिर से अपना खेल पाने का मौका दिया और मैं केवल खेलने से ही खुश हूं।”
छह खिलाड़ी, जिनमें दो डेब्यू कर रहे प्रो कार्तिक और वीर भी शामिल हैं, पांचवें स्थान पर संयुक्त रूप से रहे।

