
सीहोर।आष्टा थाना क्षेत्र के हर्राजखेड़ी में गणेश प्रतिमा विसर्जन करने गए तीन बच्चे पपनास नदी में डूब गए। चौकीदार ने अपनी जान दाव पर लगाकर दो बच्चों को जैसे तैसे बचा लिया पर तीसरे का कोई पता नहीं चल सका है। गोताखोर, एसडीइआरएफ टीम ने शाम तक सर्चिंग की, लेकिन पता नहीं चल सका है.
पुलिस के अनुसार हर्राजखेड़ी गांव निवासी बंटी (10) पिता राजेश मालवीय अपने साथ आयुष और जिराफ मालवीय के साथ पपनास नदी में प्रतिमा विसर्जन करने गया था. नदी में पानी अधिक होने से वहां पहले से तैनात चौकीदार मानसिंह ने तीनों बच्चों को वापस घर लौटा दिया, लेकिन यह बच्चे दूसरी प्रतिमा लेकर आ रहे बड़े लोगों के साथ वापस पपनास नदी तक पहुंचे और नदी में उतर गए. गहरे पानी में जाने से डूबने लगे. चौकीदार मानसिंह की नजर पड़ी तो वह खुद नदी में बचाने कूद पड़ा. उसने आयुष और जिराफ को बड़ी मशक्कत कर बचा लिया पर बंटी मालवीय डूब गया.
पुलिस की मौजूदगी में स्थानीय गोताखोरोंं ने बच्चे को तलाशना शुरू किया, लेकिन जब कोई सफलता नहीं मिली तो एसडीइआरएफ की टीम बुलाई गई. टीम ने शाम तक तलाशा. अंधेरा होने से सर्चिंग बंद करना पड़ी. रविवार को वापस सर्चिंग की जाएगी. मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई थीं. उधर परिजन के रो-रोकर बुरे हाल हो गए हैं.
दो दिन पहले बहे युवक की बाइक मिली
चार सितंबर को बोरखेड़ा-रनायल जोड़ के पास पार्वती पुल के ऊपर पानी होने के बाद भी निकलते समय सेवखेड़ी निवासी सुरेश सपेरा (22) पिता अमरसिंह सपेरा बाइक सहित बह गया था. जिसका तीसरे दिन कोई पता नहीं चल सका है. इतना जरूर है कि घटना से 100 मीटर दूर शनिवार को उसकी बाइक मिली है. पुलिस यह भी अनुमान लगा रही है कि नदी में पानी का बहाव तेज होने से हो सकता है कि काफी दूर तक बह गया हो। रविवार को चौथे दिन भी तलाशने का काम जारी रहेगा.
