नयी दिल्ली, 04 सितंबर (वार्ता) राष्ट्रीय राजधानी में गुरुवार सुबह करीब छह बजे अलीपुर इलाके में राष्ट्रीय राजमार्ग-44 पर बने फ्लाईओवर का एक हिस्सा अचानक ध्वस्त हो गया। हादसे में एक ऑटो-रिक्शा का अगला हिस्सा गड्ढे में फंस गया। गनीमत रही कि चालक को तुरंत बाहर निकालकर हरिश्चंद्र अस्पताल पहुंचाया गया।
पुलिस ने एनएच-44 पर वाहनों को दूसरे रास्तों से अपने गंतव्य की ओर भेजा। यह मार्ग दिल्ली से हरियाणा और पंजाब की ओर जाने वाला बेहद व्यस्त मार्ग है, इसलिए समय रहते कार्रवाई से बड़ा हादसा टल गया। राजधानी में लगातार हो रही बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। लगातार हो रही बारिश के कारण झुरौदा कलां, नांगलोई, मंगेशपुर, बवाना और नजफगढ़ जैसे निचले इलाकों में जलभराव हो गया है। लोधी रोड, ग्रीन पार्क और जनकपुरी में पेड़ गिरने से सड़कें अवरुद्ध रहीं और कई जगह बिजली की आपूर्ति बाधित रही। सबसे ज्यादा असर यमुना खादर क्षेत्र में देखा गया, जहां नदी का जलस्तर बढ़ने से खेत और बस्तियां जलमग्न हो गईं। कई परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर भेजना पड़ा और प्रशासन ने राहत शिविर बनाए हैं।
इस बीच, दिल्ली यातायात पुलिस अपने आधिकारिक सोशल मीडिया के जरिए लगातार अपडेट दे रही है, ताकि लोग समय रहते वैकल्पिक मार्गों का उपयोग कर सकें और जाम से बच सकें। आईटीओ, मिंटो रोड, वजीराबाद और रिंग रोड जैसे व्यस्त हिस्सों पर डायवर्जन की जानकारी भी ऑनलाइन साझा की जा रही है।
नगर निगम, फायर ब्रिगेड और जिला प्रशासन की टीमें प्रभावित इलाकों में मलबा हटाने और राहत कार्य में जुटी हैं।
मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे तक हल्की से मध्यम बारिश का अलर्ट जारी किया है।
