इंदौर: गणेश चतुर्थी के साथ शहर में दस दिवसीय गणेशोत्सव की शुरुआत भक्तिमय माहौल में हुई. खजराना गणेश, बड़ा गणपति समेत सभी मंदिरों में आकर्षक सजावट की गई और सुबह से ही दर्शन के लिए भक्तों की भीड़ लगी रही. गली-मोहल्लों में शोभायात्राएं, ढोल-ताशों की गूंज और भजन-कीर्तन के बीच श्रद्धालु नाचते-गाते बप्पा को घर लाए.
खजराना गणेश मंदिर में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच महोत्सव का शुभारंभ हुआ. कलेक्टर आशीष सिंह, निगमायुक्त शिवम वर्मा सहित जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में गणेशजी को स्वर्ण मुकुट और मोतियों का चोला अर्पित किया गया. भक्त मंडल की ओर से सवा लाख मोदक बनाकर प्रसाद स्वरूप बांटे गए. दर्शन व्यवस्था महाकाल की तर्ज पर की गई, जिससे एक साथ 200 भक्त दर्शन कर सके.
वहीं, पारंपरिक अंदाज में जूनी इंदौर से होलकरों के गणेशजी को पालकी में राजबाड़ा लाया गया. 250 वर्षों से होलकर शैली की प्रतिमा इसी परंपरा के साथ विराजती है, जिसे विशेष पगड़ी पहनाई जाती है. पांच दिन बाद इस प्रतिमा का विसर्जन किया जाएगा.
