रीवा:रीवा को एक और बड़ी सौगात फ्लाई ओवर के रूप में मिली है. कमिश्नर बंगले से लेकर विष्णु एम्पायर ढ़ेकहा तिराहे के आगे तक लगभग 2 किलो मीटर लम्बा फ्लाई ओवर 150 करोड़ की लागत से बनाया जायेगा. यह विंध्य और रीवा का तीसरा सबसे बड़ा फ्लाई ओवर होगा. उपमुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल की मांग पर केन्द्रीय सडक़ परिवहन मंत्री ने फ्लाई ओवर निर्माण कार्य की स्वीकृत की घोषणा की.
गौरतलब है कि लम्बे समय से फ्लाई ओवर की मांग थी, कालेज चौराहे से लेकर ढ़ेकहा तिराहे तक अक्सर जाम लगता है. खासकर जयस्तंभ और पुराने बस स्टैण्ड के सामने जाम की स्थित बनी रहती है. सुबह और शाम को रेवांचल ट्रेन जाने के समय यात्री जाम में फसते है जिसके कारण उनकी ट्रेन छूट जाती है. फ्लाई ओवर के बन जाने से सफर आसान होगा.
उपमुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ला ने फ्लाई ओवर को लेकर लगातार प्रयास कर रहे थे और उनकी मांग पर जबलपुर में आयोजित एक फ्लाई ओवर के लोकार्पण समारोह के दौरान केन्द्रीय सडक़ परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडक़री ने 150 करोड़ की लागत से बनने वाले फ्लाई ओवर की मंच से घोषणा की. रीवा के लिये यह एक बड़ी सौगात है और सबसे लम्बा तीसरा फ्लाई ओवर रीवा शहर में बनेगा. घोषणा के बाद रीवा ही नही विंध्वासियो में खुशी की लहर दौड़ गई है.
जाम से मिलेगी शहरवासियो को निजात
शहर में लगातार वाहनो की संख्या बढ़ती जा रही है, जिसके कारण सडक़ो पर जाम आम बात हो गई है. रीवा में दो फ्लाई ओवर पहले से ही बने है. सिरमौर चौराहा और समान तिराहे में और अब नागपुर-बनारस हाइवे में तीसरा फ्लाई ओवर 150 करोड़ की लागत से बनेगा. कमिश्नर बंगले से ढ़ेकहा तिराहे के आगे तक इस फ्लाई ओवर के बन जाने से राहत मिलेगी. जिन वाहनो को सीधे बनारस, प्रयागराज या मऊगंज जाना है वह सीधे फ्लाई ओवर से गुजर जाएगे. अभी जयस्तंभ और पुराने बस स्टैण्ड के पास लगने वाले जाम से राहत मिलेगी. इसे एक बड़ी सौगात के रूप में देखा जा रहा है. लगभग दो किलो मीटर का यह सबसे बड़ा फ्लाई ओवर समूचे विंध्य का होगा.
