
खंडवा।महिला एवं बाल विकास विभाग के अधीक्षक एचएस अरोरा को लोकायुक्त पुलिस ने 4,000 की रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा। चार वर्षों से बाल संप्रेषण गृह में कार्यरत महिला रसोइया ने शिकायत की थी कि अरोरा उसके जून-जुलाई माह के 12,000 वेतन में से 2,000 प्रति माह की मांग कर रहे थे। पैसे न देने पर नौकरी से निकालने की धमकी भी दी गई थी।
इंदौर लोकायुक्त टीम ने सत्यापन के बाद ट्रैप कार्रवाई की और पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में अरोरा को रिश्वत लेते गिरफ्तार कर लिया। आरोपी पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7 के तहत केस दर्ज है।
खंडवा में यह पहला मामला नहीं है; पूर्व में भी महिला एवं बाल विकास विभाग में कई अफसर भ्रष्टाचार के आरोपों में पकड़े जा चुके हैं। लोकायुक्त महानिदेशक योगेश देशमुख के निर्देश पर हाल ही में कई वरिष्ठ अधिकारियों पर कार्रवाई की गई है। अरोरा पहले भी विवादों में रहे हैं, कई बार तबादले और निलंबन के बावजूद वे खंडवा लौट आते थे।
