सीहोर. शासकीय मॉडल स्कूल में संस्कृत सप्ताह के अंतर्गत जीवन में संस्कृत भाषा की प्रासंगिकता विषय पर विशेष व्याख्यान का आयोजन किया गया. जिसमें मुख्य वक्ता नगर पुरोहित पं. पृथ्वीवल्लभ दुबे उपस्थित मौजूद थे. पं. पृथ्वीवल्लभ दुबे ने समस्त विद्यालय परिवार को संस्कृत सप्ताह की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि संस्कृत केवल एक विषय नहीं, बल्कि मूल्यों की भाषा है. इसमें दयालुता, सहिष्णुता, शरणागत वत्सलता जैसे जीवनोपयोगी गुण समाहित हैं. जो स पूर्ण भारत को एक सूत्र में पिरोते हैं. उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित किया कि वे संस्कृत ग्रंथों का अध्ययन करें और उसे आचरण में लाकर अपने जीवन को समृद्ध बनाएं. संस्कृत केवल शास्त्रों की भाषा नहीं, बल्कि वैज्ञानिक दृष्टिकोण से भी अत्यंत व्यवस्थित एवं तर्कसंगत भाषा है. जो सफल जीवन के लिए आवश्यक है. प्राचार्या डॉ. मीता सक्सेना ने बताया कि संस्कृत भाषा कम्प्यूटर व अन्य आधुनिक तकनीकी क्षेत्रों में भी उपयोगी सिद्ध हो रही है. विद्यार्थियों के लिए संस्कृत का अध्ययन भविष्य के लिए लाभकारी रहेगा. शिक्षक महेश वर्मा, अभिषेक श्रीवास्तव, दिनेश वर्मा ने संस्कृत के महत्व को रेखांकित किया.
