देवसर:स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अव्यवस्था का दंश झेल रहा है।स्वास्थ्य केंद्र में इस समय सिर्फ दो डॉक्टर हैं। दिन में जहां डॉक्टर संजय पटेल की ड्यूटी रहती है, वही रात में बीएमओ सिंह मरीजों को देखते हैं तो वही प्रतिदिन औसतन दिन में 300 से ज्यादा ओपीडी में मरीज आ रहे हैं,जिन्हें देखने के लिए सिर्फ एक डॉक्टर हैं। हालांकि महीना पहले चिकित्सालय में दंत चिकित्सक सहित तीन डाक्टर रहते थे, लेकिन इस समय सिर्फ दो ही डॉक्टर अस्पताल में है।
जहां मरीजों की लंबी लाइन लगी रहती है। वही सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र देवसर में जहां प्रतिदिन 300 से ज्यादा ओपीडी रहती है और स्टाफ की कमी होने मरीज को काफी समस्या का सामना करना पड़ता है तो वहीं स्वास्थ्य केंद्र में महिला रोग विशेषज्ञ, शिशु रोग विशेषज्ञ एवं सर्जन की जरूरत है। जहां प्रसूति महिलाओं की नॉर्मल डिलीवरी ना होने पर 60 किमी दूर जिला मुख्यालय के लिए रिफर करना पड़ता है ।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र को सिविल अस्पताल बनाने की उठ रही मांग
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र देवसर में औसतन 300 से 400 की ओपीडी प्रतिदिन रहती है, लेकिन सुविधाओं की कमी एवं अव्यवस्थाओं के वजह से मरीजों को काफी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। वही मरीज उपचार के लिए अन्य अस्पतालों एवं प्राइवेट चिकित्सालय में जाते हैं तो वहीं लंबे अर्से से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र को सिविल अस्पताल में उन्नयन करने की मांग क्षेत्र की जनता एवं गणमान्य नागरिक उठाते रहे हैं। हालांकि क्षेत्रीय विधायक विश्वामित्र पाठक भी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र को सिविल अस्पताल उन्नयन के लिए प्रयासरत हैं। अब देखना यह है कि कब तक में यह सिविल अस्पताल में उन्नयन हो पाता है।
