
नवभारत न्यूज
इंदौर। हमारे राज्य का युवा सक्षम, योग्य और आत्मनिर्भर बने ,यह हमारी सरकार की प्राथमिकता है। हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है कि रोजगार और स्वरोजगार देकर समाज और प्रदेश को स्वावलंबी बनाया जाए । इस दिशा में हम तेजी से लगातार आगे बढ़ रहे है। प्रदेश में हर क्षेत्र में रोजगार सृजन के लिए तेजी से प्रयास किए जा रहे है, चाहे वह परम्परागत दुग्ध पालन का क्षेत्र हो या आधुनिक आईटी का क्षेत्र। प्रदेश में रोजगार आधारित औद्योगिक विकास को बढ़ावा देने के लिए इंड्रस्टी कॉन्क्लेव व्यापक स्तर पर आयोजित की गई। इसके बेहतर परिणाम भी सामने आ रहे है।
यह बात मुख्यमंत्री ने कही।
डॉ. मोहन यादव आज दशहरा मैदान में आयोजित महापौर मेगा रोजगार मेले के उद्घाटन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बोले कि ताप्ती नदी का महाराष्ट्र और मध्यप्रदेश के बीच एमओयू हुआ है। इससे बड़ी राहत मिलेगी और कृषि का रकबा बढ़ेगा। उन्होंने जिला स्तरीय रोजगार मेला में कहा कि सरकारी पद सिर्फ 10 लाख है। सरकार में इतनी नौकरी नही हो सकती है, इसलिए संभाग स्तरीय आठ इंडस्ट्री कॉन्क्लेव किया है। इससे निजी क्षेत्रों में रोजगार के अवसर उपलब्ध करने के प्रयास सरकार कर रही है।
उन्होंने बताया कि इंदौर की एक भी पंचायत ऐसी नही है , जहां रोजगार के अवसर उपलब्ध नहीं करवा रहे है। हर पंचायत में रोजगार देने के केंद्र खोल दिए है।स्वरोजगार, रोजगार के लिए सरकार तैयार है। हमारी सरकार कृषि विकास योजना, लघु और कुटीर उद्योगों के माध्यम से युवाओं को आगे बढ़ा रही है। रोजगार आधारित काम करने और उद्योग लगाने के लिए सरकार प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री ने कहा कि रोजगार आधारित कारखाने , बिजली , जमीन सरकार देगी और उसमे काम करने वाली लेबर को प्रति लेबर 5 हजार रुपए महीने सरकार द्वारा दिए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार ने पिछले दिनों संभागीय जीआईएस के माध्यम से 23 लाख युवाओं को रोजगार दिलाने के एमओयू साइन किए है। दूध उत्पादन 9 से 20 प्रतिशत करने का लक्ष्य लेकर काम कर रहे है। आईटी पार्क में कंपनियों को 40 प्रतिशत राशि सरकार द्वारा उपलब्ध करवाई जाएगी।
मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार राज्य परिवहन निगम शुरू कर रहे है, सभी रूट पर सरकार निजी लोगों को परमिट दिए जाएंगे। प्रदेश सरकार ने एयर एम्बुलेंस की सुविधा उपलब्ध करवाई गई है, जो देश का पहला प्रदेश है। जनता को एयर एंबुलेंस सुविधा दे रहा है।
उन्होंने युवाओं से कहा कि महापौर रोजगार मेले के माध्यम से जो काम मिले उसे अच्छे से करना , और काम के प्रति सजग रहना ।
20 हजार कंपनियों का पंजीयन : महापौर
कार्यक्रम में महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने बताया कि रोजगार के साथ देश आगे बढ़ेगा और सेना के जवानों को संबल देगा। हमारे युवा हर मामले में ऊर्जा वान है। प्रदेश में कई योजनाओं के माध्यम से नौकरियों को एक लाइन पर लाने वाले मुख्यमंत्री का स्वागत करते हुए महापौर ने बताया कि अभी तक रोजगार मेले में 20 हजार के करीब पंजीयन हुआ है। 170 कंपनियों ने निगम से टाई अप किया है। 145 काउंटर पर प्लेसमेंट का काम किया जा रहा है। चार पैकेज में 45 हजार तक की नौकरी कई युवाओं को मिल चुकी है।
कौशल विकास में भी इंदौर नंबर वन बनेगा : टेटवाल
रोजगार मेले में कौशल विकास मंत्री गौतम टेटवाल ने कहा कि सफाई के साथ कौशल विकास की दिशा में भी इंदौर नंबर वन बनेगा। रोजगार स्थापित करने के लिए अहिल्या बाई के नाम से कौशल प्रशिक्षण केंद्र करने का आभारी हूं। देश और प्रदेश के युवाओं में अपार ऊर्जा है और उन्हें रोजगार मेला सही दिशा देने का काम करेगा।
यह बड़े लक्ष्य को इंगित करता है : विजयवर्गीय
नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि मध्यप्रदेश शासन द्वारा संचालित इस कार्यक्रम में महापौर का रोजगार मेले में बड़ा योगदान है। यह कार्य बडे़ लक्ष्य को इंगित करता है। इसमें 150 से ज्यादा कंपनियों आई है। विजयवर्गीय ने कहा कि विषय से हटकर बात कर रहा हूं । भारत ने पाक को आतंकी हमले में प्रूफ नहीं दिया, बल्कि उनके आतंकी अड्डे तबाह करके बता दिया कि अब हालत बदल चुके है। मोदी के नेतृत्व में भारत सक्षम हो चुका है। उन्होंने कहा कि सीजफायर भारत की शर्तो पर किया है।
यह भी रहे मौजूद
रोजगार मेले में जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, पूर्व लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन, सांसद शंकर लालवानी, विधायक श्रीमती मालिनी गौड़, रमेश मेंदोला गोलू शुक्ला, महेंद्र हार्डिया ,अनुसूचित जाति वित्त विकास निगम के अध्यक्ष सावन सोनकर, सफाई कामगार आयोग अध्यक्ष प्रताप करोसिया, सुमित मिश्रा, पूर्व विधायक जीतू जिराती ,सुदर्शन गुप्ता , हरिनारायण यादव और निगम एमआईसी के सदस्य सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद थे।
