
सीधी। संजय टाइगर रिजर्व अंतर्गत भुईमाड़ वन परिक्षेत्र के जंगलों में विगत कुछ दिनों से भीषण अग्निकांड की घटनाएं सामने आ रही हैं, जिससे समूचा वन क्षेत्र आग से दहक उठा है। केशलार स्थित विश्राम पाठ एवं बड़का वन तथा अमरोला के करचा गरूण पाठ जो कि रिजर्व के कोर एवं बफर ज़ोन में सम्मिलित हैं वहां रह-रह कर आग धधक रही है। वन क्षेत्र में अब यह आग अनियंत्रित रूप ले चुकी है। इस गंभीर परिस्थिति पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए भारतीय जनता युवा मोर्चा मंडल अध्यक्ष कुसमी सुरेंद्र वैश ने मीडिया से चर्चा में बताया कि आग विकराल रूप धारण कर चुकी है। यदि शीघ्र नियंत्रण के उपाय नहीं किए गए तो समूचा वन क्षेत्र इसकी चपेट में आ जाएगा। दूसरी ओर रामावतार सिंह वन परिक्षेत्र अधिकारी भुईमाड़ का कहना है कि हमारी टीम आग बुझाने में लगातार प्रयासरत है। शीघ्र ही स्थिति पर नियंत्रण पा लिया जाएगा। वहीं आग की भीषणता ने वन्यजीवों के जीवन को संकट में डाल दिया है। पक्षियों की चहचहाहट जैसे थम-सी गई है और जीव-जंतु सुरक्षित आश्रय की खोज में इधर-उधर भटक रहे हैं। धुएं की सघन चादर ने आसपास के वातावरण को ढंक लिया है, जिससे स्थानीय निवासियों की सांसें भी प्रभावित हो रही हैं। यह स्थिति न केवल जैव विविधता के लिए एक चेतावनी है बल्कि प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण हेतु तत्काल और ठोस कदम उठाए जाने की आवश्यकता को भी रेखांकित करती है।
