जल संसाधन मंत्री सिलावट ने दिए निर्देश
रेसीडेंसी में अधिकारियों की ली बैठक
इंदौर: जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट ने निर्देश दिये है कि ग्रीष्म ऋतु को देखते हुए पेयजल व्यवस्था हर हाल में सुचारू बनायी रखी जाये। ऐसी व्यवस्था सुनिश्चित की जाये जिससे की किसी भी नागरिक को पेयजल की समस्या नहीं रहे और ईधर-उधर भटकना नहीं पड़े.मंत्री श्री सिलावट ने आज रेसीडेंसी में संबंधित विभागों के अधिकारियों की बैठक लेकर सांवेर विधानसभा क्षेत्र में पेयजल व्यवस्था की समीक्षा की.
बैठक में नगर निगम के अपर आयुक्त अभिलाष मिश्रा, एमआईसी मेम्बर अभिषेक शर्मा, पीएचई विभाग के मुख्य अभियंता वी. एस. सोलंकी, पीएचई के कार्यकारी अभियंता सुनील उदिया, कार्यपालन यंत्री संजीव श्रीवास्तव, एक्जीक्यूटिव इंजीनियर एनवीडीए आशीष शिवहरे, एक्जीक्यूटिव इंजीनियर कमल कुवाल, सीईओ सांवेर, सीईओ इंदौर, पार्षद सुरेश कुरवाड़े उपस्थित रहें.
मंत्री सिलावट ने सांवेर विधानसभा क्षेत्र के ग्रामीण और नगरीय क्षेत्र की पेयजल व्यवस्था के बारे में जानकारी ली. उन्होंने कहा कि पेयजल व्यवस्था की सतत निगरानी रखी जायें. पेयजल संबंधी आम नागरिकों की शिकायतों का त्वरित निराकरण किया जाये. नर्मदा जल प्रदाय योजना और प्रधानमंत्री नल जल योजना का प्रभावी क्रियान्वयन हो. जहाँ यह योजनाएँ नहीं है, वहाँ जल प्रदाय पर विशेष ध्यान दिया जाये. जरूरत होने पर टैंकरो के माध्यम से पर्याप्त पेयजल उपलब्ध करायें. जरूरत होने पर नये बोरिंग भी कराये जाये। टंकियों की व्यवस्था की जाये. गौशालाओं सहित अन्य स्थानों पर पशुओं के पेयजल के लिये भी विशेष प्रबंध किये जायें।
ग्रामीण क्षेत्र में भी हो पर्याप्त पेयजल व्यवस्था
जल संसाधन मंत्री द्वारा बैठक में कहा गया कि सांवेर विधानसभा के ग्रामीण क्षेत्रों के सम्पूर्ण मजरे-टोले, स्कूलों, आंगनवाड़ी, पंचायत भवनों, सामुदायिक भवनों, स्वास्थ्य केंद्रों पर जल की नियमित आपूर्ति और अनुसूचित जाति-जनजाति बहुल क्षेत्रों में पेयजल की समुचित व्यवस्था की जाये, साथ ही नवीन हैंडपंप के प्लेटफार्म एवं पुराने की मरम्मत की जाए. मंत्री जी ने कहा कि जिन क्षेत्रों में बोरिंग बंद हैं, उन्हें जल्द सुधारे एवं जिस बोरिंग की मोटर खराब है, उन्हें दूरस्त किए जाए. गौशालाओं में पशुओं के लिए पानी की व्यवस्था की जाए.
