नयी दिल्ली, 28 मार्च (वार्ता) कच्चे तेल एवं प्राकृतिक गैस के उत्पादन में गिरावट के बीच देश के आठ प्रमुख उद्योगों के उत्पादन में इस वर्ष फरवरी में सालाना आधार पर 2.9 प्रतिशत (अनंतिम) की वृद्धि दर्ज की गयी।
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय की एक विज्ञप्ति के अनुसार सीमेंट, उर्वरक, इस्पात, बिजली, कोयला और रिफाइनरी उत्पादों के उत्पादन में सालाना आधार पर वृद्धि दर्ज की गई।
इन आठ उद्योगों – कोयला, कच्चा तेल, प्राकृतिक गैस, रिफाइनरी उत्पाद, उर्वरक, इस्पात, सीमेंट और बिजली का औद्योगिक उत्पादन सूचकांक (आईआईपी) में 40.27 प्रतिशत योगदान है।
विज्ञप्ति के अनुसार नवंबर 2024 के अंतिम आंकड़ों के अनुसार इन आठ प्रमुख उद्योगों की अंतिम वृद्धि दर 5.8 प्रतिशत देखी गई। अप्रैल से फरवरी, 2024-25 के दौरान आईसीआई की संचयी वृद्धि दर पिछले वर्ष की इसी अवधि की तुलना में 4.4 प्रतिशत (अनंतिम) है।
फरवरी, 2025 में कोयला उत्पादन में सालाना आधार पर 1.7 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गयी। इस दौरान कच्चे तेल का उत्पादन पिछले साल फरवरी से 5.2 प्रतिशत कम रहा तथा प्राकृतिक गैस के उत्पादन में 6.0 प्रतिशत की कमी दर्ज की गयी।
फरवरी में पेट्रोलियम रिफाइनरी उत्पादों के उत्पादन में 0.8 प्रतिशत, उर्वरक में 10.2 प्रतिशत, इस्पात उत्पादन में 5.6 प्रतिशत तथा सीमेंट उत्पादन में सालाना आधार पर 10.5 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गयी।
इस माह के दौरान बिजली उत्पादन फरवरी, 2024 की तुलना में 2.8 प्रतिशत ऊंचा रहा।
