
मुंबई 26 मार्च (वार्ता) अमेरिकी टैरिफ की अनिश्चितता के बीच ऊंचे भाव पर हुई जबरदस्त मुनाफावसूली के दबाव में आज शेयर बाजार में कोहराम मच गया।
बीएसई का तीस शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स पिछले लगातार सात दिन की तेजी के बाद 728.69 अंक अर्थात 0.93 प्रतिशत का गोता लगाकर 78 हजार अंक के मनोवैज्ञानिक स्तर से नीचे 77,288.50 अंक पर आ गया। इसी तरह नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का निफ्टी 181.80 अंक यानी 0.77 प्रतिशत की गिरावट लेकर 23486.85 अंक पर बंद हुआ।बीएसई की दिग्गज कंपनियों की तरह मझौली और छोटी कंपनियों के शेयरों में भी जमकर मुनाफावसूली हुई। इससे मिडकैप 0.67 प्रतिशत टूटकर 41,624.73 अंक और स्मॉलकैप 1.45 प्रतिशत कमजोर रहकर 46,385.70 अंक रह गया। इस दौरान बीएसई में कुल 4143 कंपनियों के शेयरों में कारोबार हुआ, जिनमें से 3115 में बिकवाली जबकि 919 में लिवाली हुई वहीं 109 में कोई बदलाव नहीं हुआ। इसी तरह एनएसई में कारोबार के लिए कुल 2985 शेयर रखे गए, जिनमें से 2303 में गिरावट जबकि 622 में तेजी रही वहीं 60 के भाव स्थिर रहे।
विश्लेषकों के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रशासन के संभावित टैरिफ की खबरों ने निवेशकों को सतर्क कर दिया है। हालांकि रिपोर्ट के मुताबिक ये टैरिफ 02 अप्रैल की समयसीमा तक लागू नहीं होंगे, लेकिन नीतिगत अस्पष्टता ने वैश्विक बाजारों में उथल-पुथल मचा दी है। व्यापार तनाव बढ़ने की स्थिति में भारतीय निर्यात पर गहरा असर पड़ सकता है, खासकर आईटी और फार्मास्यूटिकल्स जैसे क्षेत्रों पर, जो अमेरिकी बाजार से मजबूती से जुड़े हैं।
पिछले सात सत्रों में भारतीय शेयर बाजार ने शानदार प्रदर्शन किया है, जिसमें निफ्टी और सेंसेक्स में करीब 5.7 प्रतिशत की उछाल दर्ज की गई। यह तेजी साल 2025 के लिए सकारात्मक संकेत देती है लेकिन हालिया बढ़त के बाद निवेशक मुनाफा कमाने में जुट गए हैं, जिससे बाजार में गिरावट देखने को मिली। कम समय में वैल्यूएशन में आई तेजी ने भी कुछ व्यापारियों को सावधान कर दिया है, जिसके चलते हैवीवेट शेयरों में बिकवाली का दबाव बढ़ गया है। विशेषज्ञों का मानना है कि ट्रंप प्रशासन के अगले कदम बाजार की दिशा तय करेंगे।
इससे बीएसई में कैपिटल गुड्स की 0.05 प्रतिशत की बढ़त को छोड़कर अन्य 20 समूह लुढ़क गए। इस दौरान कमोडिटीज 0.35, सीडी 0.71, ऊर्जा 1.29, एफएमसीजी 0.49, वित्तीय सेवाएं 1.04, हेल्थकेयर 1.36, इंडस्ट्रियल्स 0.46, आईटी 1.11, दूरसंचार 0.62, यूटिलिटीज 1.32, ऑटो 0.08, बैंकिंग 1.08, कंज्यूमर ड्यूरेबल्स 0.26, धातु 0.47, तेल एवं गैस 1.52, पावर 0.58, रियल्टी 1.37, टेक 0.77, सर्विसेज 0.61 और फोकस्ड आईटी समूह के शेयर 1.12 प्रतिशत लुढ़क गए।
वैश्विक स्तर पर मिलाजुला रुख रहा। इससे ब्रिटेन का एफटीएसई 0.02, जर्मनी का डैक्स 0.92 और चीन का शंघाई कंपोजिट 0.04 प्रतिशत गिर गया जबकि जापान का निक्केई 0.65 और हांगकांग के हैंगसेंग में 0.60 प्रतिशत की तेजी रही।
कारोबार की शुरुआत में सेंसेक्स मामूली बढ़त के साथ 78,021.45 अंक पर सपाट खुला और दमदार लिवाली के बल पर थोड़ी देर बाद ही 78,167.87 अंक के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया। वहीं, इसके बाद शुरू हुई मुनाफावसूली से यह लगातार गिरता हुआ कारोबार के अंतिम चरण में 77,194.22 अंक के निचले स्तर तक लुढ़क गया। अंत में पिछले दिवस के 78,017.19 अंक के मुकाबले 0.93 प्रतिशत का गोता लगाकर 77,288.50 अंक पर आ गया।
इसी तरह निफ्टी भी सकारात्मक नोट के साथ 23,700.95 अंक पर सपाट खुला और सत्र के दौरान 23,736.50 अंक के उच्चतम जबकि 23,451.70 अंक के निचले स्तर पर रहा। अंत में पिछले सत्र के 23,668.65 अंक की तुलना में 0.77 प्रतिशत टूटकर 23,486.85 अंक पर बंद हुआ।
इस दौरान सेंसेक्स की नुकसान उठाने वाली कंपनियों में एनटीपीसी 3.54, जोमैटो 3.10, टेक महिंद्रा 2.85, बजाज फाइनेंस 2.28, एक्सिस बैंक 2.14, इंफोसिस 2.06, मारुति 1.39, कोटक बैंक 1.27, एसबीआई 1.25, हिंदुस्तान यूनिलीवर 1.04, रिलायंस 1.00, एचडीएफसी बैंक 0.85, एलटी 0.78, आईटीसी 0.70, आईसीआईसीआई बैंक 0.67, नेस्ले इंडिया 0.65, टीसीएस 0.61, टाटा स्टील 0.57, सन फार्मा 0.47, टाटा मोटर्स 0.35, अल्ट्रासिम्को 0.25, एशियन पेंट 0.18, बजाज फिनसर्व 0.17, अडानी पोर्ट्स 0.13 और भारती एयरटेल 0.04 प्रतिशत शामिल रही।
वहीं, इंडसइंड बैंक 2.94, एचसीएल टेक 0.43, महिंद्रा एंड महिंद्रा 0.22, टाइटन 0.07 और पावरग्रिड के शेयर 0.07 प्रतिशत चढ़ गए।
