कोच्चि (वार्ता) केरल के भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेता पीसी जॉर्ज को भारत में कथित तौर पर आतंकवादियों से जुड़े एक समुदाय के खिलाफ उनकी टिप्पणी के सिलसिले में सोमवार को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
इससे पहले गत 05 जनवरी को एक चैनल पर चर्चा के दौरान उनकी टिप्पणी के लिए जॉर्ज के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गयी थी। उन्होंने अपनी टिप्पणी में भारत में मुसलमानों के एक वर्ग की तुलना आतंकवादियों से की थी और मांग की थी कि वे पाकिस्तान चले जाएं।
सात बार के विधायक एवं केरल जनपक्षम (धर्मनिरपेक्ष) के पूर्व नेता जॉर्ज ने इस मामले में आज कोट्टायम के एराट्टुपेट्टा में मजिस्ट्रेट अदालत के समक्ष आत्मसमर्पण किया।
गत शुक्रवार को केरल उच्च न्यायालय ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका यह कहते हुए खारिज कर दी थी कि उन्होंने 2022 में इसी तरह के एक मामले में दी गयी जमानत के मानदंडों का उल्लंघन किया है।
एराट्टुपेटा पुलिस स्टेशन के पुलिसकर्मियों ने मुस्लिम यूथ लीग म्युनिसिपल कमेटी की शिकायत के आधार पर श्री जॉर्ज के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गयी थी , जिसमें आरोप लगाया गया था कि उनकी टिप्पणी का उद्देश्य धार्मिक घृणा पैदा करना था।
