नयी दिल्ली 21 फरवरी (वार्ता) केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि लाल मिर्च उत्पादन लागत की समीक्षा होगी और खरीद सीमा को उत्पादन के 25 प्रतिशत से बढ़ाने के संबंध में भी प्रस्ताव तैयार किया जाएगा।
श्री चाैहान ने शुक्रवार को यहां आंध्र प्रदेश के लाल मिर्च किसानों की समस्याओं पर एक समीक्षा बैठक बुलाई है। उन्होंने कहा कि भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (आईसीएआर) के अधिकारी लाल मिर्च के उत्पादन लागत की समीक्षा करने के लिए आंध्र प्रदेश की यात्रा करेंगे और एक रिपोर्ट तैयार करेंगे। इसके आधार वर्ष 2024-25 के दौरान बाजार हस्तक्षेप योजना (एमआईएस) के अंतर्गत लाल मिर्च के मूल्य कमी भुगतान के कार्यान्वयन के लिए आंध्र प्रदेश सरकार को राज्य उत्पादन का 25 प्रतिशत अग्रिम मंजूरी जारी किया जा सकेगा। आंध्र प्रदेश में मिर्च के खेतों का दौरा करने के लिए एक विशेषज्ञ दल जाएगा जो कीट संक्रमण के कारण फसल को हुए नुकसान का अध्ययन करेगा तथा प्रभावी उपाय सुझाएगा।
श्री चौहान ने एमआईएस के तहत लाल मिर्च की खरीद सीमा को उत्पादन के 25 प्रतिशत से बढ़ाने के संबंध में भी प्रस्ताव तैयार करने को कहा है। इसके अलावा आंध्रप्रदेश से लाल मिर्च के निर्यात के अवसरों का पता लगाने के लिए वाणिज्य मंत्रालय, एपीडा और अन्य संबंधित विभागों के प्रतिनिधियों की भागीदारी के साथ मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में निर्यातकों की बैठक शीघ्र ही आयोजित की जाएगी।
इस बैठक में केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राममोहन नायडू तथा केंद्रीय कृषि सचिव देवेश चतुर्वेदी सहित केंद्र और राज्य सरकार के अधिकारी शामिल हुए।
