
मामला वार्ड क्रमांक 50 की बॉम्बे योजना मल्टी का
इंदौर. केंद्र एवं राज्य शासन की कई तरह की योजनाओं से आम जनता को लाभ मिलने आया है लेकिन कुछ ऐसी योजनाएं हैं जिनके कारण आम जनता परेशान होती नजर आ रही है. इनमें अधिकतर महिला विधवा एवं वृद्धा हैं.
वार्ड क्रमांक 50 में पेंशन योजना को लेकर एक मामला सामने आया है
पेंशन योजना का लाभ कई वृद्ध एवं विधवाओं को मिलना बंद हो चुका है या फिर कई हितग्राहियों को इसका लाभ आज तक नहीं मिल पाया है. वार्ड में अधिकतर मजदूर एवं निम्न वर्गीय बस्तियां बसी हुई है. अन्य बस्तियों में से एक बॉम्बे योजना मल्टी है, जहां पर सौ प्रतिशत रहवासी निम्न और मजदूर वर्ग श्रेणी में आते हैं. यहां ऐसे कई बुजुर्ग मिले हैं जिनको पिछले कई महीनों से पेंशन नहीं मिल पाई है और इन्हीं के बीच ऐसे भी लोग मिले हैं जो इतनी बड़ी योजना के लाभ से आज तक वंचित है. अशिक्षित होने के कारण इन्हें पेंशन योजना का लाभ लेने के लिए कई परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. वृद्धा पेंशन की बात करें तो इतने बुजुर्ग है कि अपनी पेंशन के लिए भागदौड़ नहीं कर पाते हैं.
इनका कहना है…
करीब-करीब एक वर्ष बीत चुका है. मेरी पेंशन पूरी तरह से बंद हो चुकी है. बैंक जाते हैं तो झोन पर पहुंचते हैं. झोन वाले बैंक में पहुंचते हैं. चक्कर लगा लगाकर परेशान हो गए हैं.
– गंगाबाई सुतार
मेरी कोई संतान नहीं है. पति का भी कुछ दिन पहले देहांत हो चुका है. इतनी उम्र हो चुकी है कि अब कोई काम भी नहीं कर पाऊंगी. मेरा तो किसी ने आज तक पेंशन का फॉर्म नहीं भरा.
– शारदा चंद्रवाल
मैं एक पैर से मोहताज हूं. विकलांग वर्ग में आता हूं. वृद्ध एवं विकलांग पेंशन मुझे मिलनी चाहिए लेकिन आज तक किसी ने मुझे पेंशन दिलवाने की कोई सहायता नहीं की. पेंशन से कुछ सहारा मिल सकता है.
– धनराज सुतार
मुझसे मिलें मैं मदद करूंगा
जनहित में जितनी भी योजनाएं चल रही हैं उसके लिए मेरी कोशिश यही रहती है कि मैं उनसे अधिकारियों को मिलवा देता हूं. अगर कोई किसी योजना से वंचित रह रहा है तो वह मुझसे आकर मिले मैं जितना हो सकेगा उनकी मदद करूंगा.
– राजीव जैन, पार्षद
