रीवा/भोपाल, 10 फरवरी (वार्ता) महाराष्ट्र और दक्षिण भारत के राज्यों के हजारों लाखों श्रद्धालुओं के मध्यप्रदेश के रास्ते उत्तरप्रदेश के प्रयागराज में महाकुंभ में शामिल हाेने के लिए जाने के कारण उत्तरप्रदेश और मध्यप्रदेश की सीमा पर सड़क जाम की स्थिति बन गयी है और हजारों वाहनों को प्रशासन ने ऐहतियात के तौर पर मध्यप्रदेश की सीमा में ही रोक लिया है।
आधिकारिक सूत्रों का कहना है कि रीवा से प्रयागराज जाने वाले मार्ग पर उत्तरप्रदेश की सीमा के पहले ही दो तीन दिनों से सड़क पर वाहनों की संख्या काफी अधिक होने के कारण जाम के हालात बन गए हैं। उत्तरप्रदेश में वाहनों की कतार और लंबी है। इस वजह से यहां का प्रशासन उत्तरप्रदेश के प्रशासन के संपर्क में है और वहां से संकेत मिलने पर वाहनों को उत्तरप्रदेश की सीमा में प्रवेश की अनुमति दी जा रही है।
सूत्रों ने कहा कि इस बीच बाहर से आने वाले यात्रियों के लिए खान पान और अन्य बुनियादी सुविधाएं प्रशासन की ओर से मुहैया करायी जा रही हैं। इस कार्य में आम लोगों के साथ ही जनप्रतिनिधियों का भी सहयोग मिल रहा है। प्रशासन का प्रयास है कि सभी श्रद्धालु अपने गंतव्य तक सुरक्षित तरीके से पहुंचे और यात्रा कर सकें, इसलिए आवश्यक प्रबंध किए गए हैं। विशेष तौर पर भोजन पानी की व्यवस्थाएं करायी जा रही हैं।
रीवा से प्रयागराज मार्ग पर सड़क पर कई किलोमीटर तक वाहनों की कतार देखी गयी थी। प्रशासन ने उन्हें खुले मैदानों में पार्क करवाया, ताकि आवागमन प्रभावित नहीं हो। सड़कों पर वाहनों की अत्याधिक संख्या रीवा संभाग से लगे जबलपुर और शहडोल संभागों में भी देखी जा रही है। खासतौर से जबलपुर के अासपास और रीवा संभाग के सतना व मैहर जिलों में भी वाहनों की संख्या में वृद्धि देखी गयी है। सभी स्थानों पर प्रशासन को राज्य सरकार ने चौकस किया है और यात्रियों को भोजन पानी भी मुहैया कराने के प्रयास किए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने स्वयं सोशल मीडिया के जरिए कहा कि प्रयागराज महाकुंभ में शामिल होने के लिए बड़ी संख्या में प्रदेश और अन्य प्रदेशों के श्रद्धालु रीवा के चाकघाट से जा रहे हैं। श्रद्धालु जबलपुर कटनी सिवनी जिले तक से होकर निकल रहे हैं। इस वजह से यातायात प्रभावित होने के साथ ही मार्ग अवरुद्ध हो गया है। इन मार्गों पर फसे वाहनों में ज्यादातर बुजुर्ग, महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं।
डॉ यादव ने कहा कि संबंधित क्षेत्र अंतर्गत सभी जिला प्रशासन से लेकर नगरीय निकायों के अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से निर्देशित किया है कि तुरन्त श्रद्धालुओं सहित सभी प्रभावित लोगों के लिए बुनियादी सुविधाओं जैसे भोजन, पानी, ठहरने की समुचित व्यवस्था, शौचालय एवं अन्य नागरिक सुविधाओं का इंतजाम किया जाए। इसके साथ ही उन्होंने श्रद्धालुओं से अनुरोध किया कि वे सुगम आवागमन व्यवस्था बनाने में प्रशासन को सहयोग प्रदान करें, साथ ही इस क्षेत्र अंतर्गत सभी जनप्रतिनिधि भी प्रशासन के साथ व्यवस्था बनाने में सहयोग प्रदान करें।
दरअसल महाराष्ट्र और देश के दक्षिणी राज्यों के साथ ही छत्तीसगढ़ के हिस्सों के श्रद्धालु मध्यप्रदेश के विभिन्न मार्गों से रीवा जिले से होकर उत्तरप्रदेश की सीमा में प्रवेश करते हैं। इस वजह से इन दिनों रीवा जिला और इसके आसपास के जिलों में सड़क पर वाहनों की संख्या में बहुत ज्यादा वृद्धि हुयी है और बार बार जाम के हालात बन रहे हैं। पुलिस और प्रशासन उत्तरप्रदेश के संपर्क में रहकर यातायात सुगम बनाने के प्रयासों में जुटा है।
