इंदौर,भोपाल, 27 जनवरी (वार्ता) मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कहा कि हमारी सरकार बाबा साहेब डॉ भीमराव आंबेडकर द्वारा निर्मित संविधान की मूल भावना और महात्मा गांधी के समाज के अंतिम व्यक्ति के कल्याण की चिंता के अनुरूप कार्य कर रही है।
प्रदेश में 11 दिसंबर 2024 से 26 जनवरी 2025 तक मुख्यमंत्री जनकल्याण अभियान चलाया गया। आज इसका समापन हुआ। डॉ यादव इंदौर में मीडिया से चर्चा कर रहे थे। उन्होंने बताया कि अभियान के तहत शासकीय सेवाओं को तेज और पारदर्शी बनाने पर जोर दिया गया। ग्रामीण और शहरी इलाकों में जरूरतमंदों को सभी शासकीय योजनाओं का लाभ दिया गया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा उद्देश्य समाज के हर तबके तक सरकारी योजनाओं और कल्याणकारी नीतियों को पहुंचाना है। इस अभियान के माध्यम से हमने जन-जन तक पहुँचकर उनकी समस्याओं का समाधान किया और विकास की धारा को और अधिक मजबूत किया है। डॉ यादव ने कहा कि अभियान के दौरान प्रदेश में लाखों लोगों को विभिन्न योजनाओं का सीधा लाभ दिया गया।
डॉ यादव ने कहा कि सरकार का यह प्रयास है कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास और कल्याण की रोशनी पहुंचे। उन्होंने अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को बधाई देते हुए कहा कि यह अभियान सबकी मेहनत, समर्पण और प्रदेश की जनता के सहयोग से ही सफल हुआ है। मुख्यमंत्री ने सरकार की प्राथमिकताएं दोहराते हुए कहा कि हम समाज के हर व्यक्ति तक विकास का लाभ और उसके कल्याण की योजनाएं उसके घर-द्वार तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
अभियान के दौरान मिले फीडबैक का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि इसे भावी योजनाओं के निर्माण में बेसिक जानकारी के रूप में शामिल किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने हर्ष व्यक्त करते हुए कहा कि इंदौर में जब यह अभियान समाप्त हुआ, तो लाखों की संख्या में जनता ने कार्यक्रम में आकर उन्हें सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ होने पर बेहद प्रसन्नता व्यक्त की। जनकल्याण योजनाओं के जमीनी क्रियान्वयन पर प्रदेश सरकार तेजी से आगे बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि बाबा साहेब ने समरसता और समानता का जो अधिकार दिया है, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा इसे आगे बढ़ाते हुए सबका साथ, सबका विकास, सबका प्रयास, सबका विश्वास से जोड़ा है।
डॉ यादव ने कहा कि जनकल्याण अभियान के समापन अवसर पर आज पूरे प्रदेश में शासकीय अमले द्वारा 11 दिसंबर 2024 से 26 जनवरी 2025 तक अलग-अलग सभी शासकीय योजनाओं जिसमें 63 प्रकार की योजनाओं पर घर-घर सम्पर्क किया गया। बड़े पैमाने पर 70 वर्ष से अधिक आयु के सभी लोगों के आयुष्मान कार्ड बनाए गए। सभी जन कल्याणकारी योजनाओं के एक-एक हितग्राही को चिन्हित करते हुए उन्हें लाभान्वित कराने के लिए मैदानी अमले द्वारा जिस शिद्दत से प्रयास किया गया है, यह अभिनंदनीय है।
मुख्यमंत्री ने संतोष जताते हुए कहा कि आज गरीब, युवा, अन्नदाता (किसान) और नारी (जीवाईएएन) के समग्र विकास और कल्याण के लिए राज्य सरकार समान रूप से काम कर रही है। सबके जीवन में बेहतरी लाने और सबके कल्याण के लिए हमने अलग-अलग मिशन/कार्यक्रम बनाये हैं। ‘प्राचीन विरासत से जुड़कर विकास के अभियान’ के अंतर्गत देवी अहिल्या बाई की राजधानी महेश्वर में कैबिनेट मीटिंग करके हमने यह संदेश दिया है कि राज्य की महान विरासत पर हमें बेहद गर्व है। महारानी दुर्गावती को स्मरण करते हुए हमने गोंडवाना साम्राज्य के महान अतीत को भी याद किया है। जनकल्याणकारी योजनाओं पर हमारी सरकार इसी तरह लगातार काम करती रहेगी।
डॉ यादव ने कहा कि प्रदेश में आगामी 24-25 फरवरी 2025 को ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट भोपाल में होने वाली है। इससे पहले रीजनल इंडस्ट्री कान्क्लेव के जरिए हम सभी युवाओं को रोजगार दिलाने और उनकी बौद्धिक क्षमता का राज्य के हित में उपयोग करने के लिए काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि जनकल्याणकारी योजनाओं के भरोसे से न सिर्फ जनता का विश्वास कायम कर रहे हैं, बल्कि प्रदेश की बेहतरी के लिए हम सबको साथ लेकर आगे बढ़ रहे हैं।
