
नवभारत न्यूज
रीवा, 20 जनवरी, कमिश्नर कार्यालय में आयोजित संभागीय बैठक में कमिश्नर बीएस जामोद ने खनिज विभाग की समीक्षा की. कमिश्नर ने कहा कि सभी जिलों के खनिज अधिकारी विभाग द्वारा निर्धारित खनिज राजस्व की शत-प्रतिशत वसूली करें. इसके लिए विशेष प्रयास करें. रेलवे, सडक़ निर्माण तथा अन्य बड़ी परियोजनाओं में खनिज पदार्थों के उपयोग की भी पूरी रायल्टी वसूल करें. इसके लिए निर्माण एजेंसियों के साथ संभागीय समीक्षा बैठक आयोजित करें. रीवा और मैहर के खनिज अधिकारी राजस्व वसूली पर विशेष ध्यान दें. सिंगरौली में नेशनल कोल्डफील्ड्स लिमिटेड द्वारा कोल परिवहन पर भी निगरानी रखें. वर्तमान वर्ष के साथ-साथ गत वर्ष के बैकलॉग राजस्व की भी वसूली करें.
बैठक में जिला खनिज अधिकारी रीवा दीपमाला तिवारी ने बताया कि खनिज पदार्थ का परिवहन करने वाले वाहनों की जाँच के लिए सभी प्रमुख मार्गों में इलेक्ट्रॉनिक जाँच नाके स्थापित किए जा रहे हैं. सीधी जिले में बघवार, मैहर में बधनपुर, सतना जिले में बेला, रीवा जिले में चाकघाट, सिंगरौली जिले में निगरी तथा अन्य चिन्हित स्थानों पर नाके स्थापित किए जा रहे हैं. इनसे सेटेलाइट के माध्यम से वाहनों की निगरानी होगी. ठेकेदार यदि स्वीकृत खदान की सीमा से बाहर उत्खनन करते हैं तो इसकी भी निगरानी सेटेलाइट के माध्यम से की जा रही है. कुछ ही दिनों में उत्खनन की गतिविधियों पर आधुनिक संचार तकनीक से निगरानी की व्यवस्था हो जाएगी. प्रत्येक जिला कार्यालय में स्थित कंट्रोल रूम से खनिज पदार्थों के उत्खनन और परिवहन की निगरानी की जा सकेगी. बैठक में खनिज अधिकारी सिंगरौली एके राय ने बताया कि भण्डारण की अनुमति लेकर खनिज पदार्थों के अवैध परिवहन में लिप्त रहने वाले सीधी और सिंगरौली के ठेकेदारों की भण्डारण अनुमति निरस्त करने की कार्यवाही की जा रही है. बैठक में संयुक्त आयुक्त दिव्या त्रिपाठी तथा संभाग के सभी जिलों के खनिज अधिकारी उपस्थित रहे.
