
उज्जैन। पारिवारिक विवाद में पत्नी की हत्या कर उसका शव पलंग पेटी में छुपाने वाले पति को 3 साल बाद कोर्ट ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। आरोपी ने हत्या के बाद नशे में अपनी मां को पत्नी की मौत होना बताया था। मामला नरवर थाना क्षेत्र के ग्राम पालखंदा का है।
किराना दुकान संचालित करने वाले विजय परमार ने पारिवारिक विवाद में पत्नी दीपाबाई (40) की 11-12 मई 2023 को रात में मार दिया था और शव को पलंग पेटी में छुपा दिया था। उसने पत्नी की लाश को जलाने का प्रयास भी किया था। हत्या के बाद सुबह दीपाबाई दिखाई नहीं दी तो सास सावित्रीबाई ने उसकी तलाश शुरू की। पुत्र विजय परमार शाम को नशे की हालत में घर लौटा तो उससे पूछताछ की। उसने मां से कहा कि मर गई है। शव पलंग पेटी में बंद है। घटना की जानकारी पुलिस को मिली तो पालखंदा पहुंची थी और शव को बरामद किया था। मृतिका के शरीर पर चोंट और रस्सी से गला घोंटने के निशान मिले थे। पुलिस ने पति विजय को गिरफ्तार कर हत्या और साक्ष्य छुपाने का मामला दर्ज कर कोर्ट में प्रस्तुत किया था। 3 साल चली सुनाई के बाद चतुर्थ अपर सत्र न्यायाधीश राकेश कुमार बंसल ने फैसला सुनाते हुये आरोपी को पत्नी की हत्या का दोषी करार देते हुये आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
