
संयुक्त राष्ट्र, 19 सितंबर (वार्ता) संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (यूएनएससी) ने सऊदी अरब पर हूती मिलिशिया के जारी हमलों की शनिवार को कड़ी निंदा की। इन हमलों में आम नागरिकों और ऊर्जा बुनियादी ढांचे को निशाना बनाना शामिल है। इसके साथ ही सुरक्षा परिषद ने इस गुट से अपना ‘सैन्य तनाव तुरंत बंद करने’ की मांग की है। विश्व निकाय ने अंतरराष्ट्रीय कानून के तहत सऊदी अरब के आत्मरक्षा के अंतर्निहित अधिकार की पुष्टि की और उसके प्रति एकजुटता व्यक्त की। सुरक्षा परिषद के सदस्यों ने लाल सागर और बाब अल-मंदेब जलडमरूमध्य में वाणिज्यिक जहाजों पर हूती हमलों तथा धमकियों की अपनी पूर्व की निंदा को भी दोहराया।
एक बयान में यूएनएससी ने मांग की कि हूती विद्रोही ‘अपने सैन्य तनाव को तुरंत रोकें’।
यूएनएससी ने जहाजों और उनके चालक दल (क्रू) की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा अंतरराष्ट्रीय कानून, विशेष रूप से ‘समुद्र के कानून पर संयुक्त राष्ट्र सम्मेलन’ के तहत नौवहन की स्वतंत्रता एवं समुद्री अधिकारों का सम्मान करने की आवश्यकता पर जोर दिया। परिषद ने हूतियों से आम नागरिकों को प्रभावित करने वाले हमलों को रोकने का आग्रह किया और 2015 के सुरक्षा परिषद प्रस्ताव 2216 तथा इसके बाद के प्रासंगिक प्रस्तावों को पूरी तरह से लागू करने के महत्व पर जोर दिया। इसके अलावा, परिषद ने यमन की एकता, संप्रभुता, स्वतंत्रता और क्षेत्रीय अखंडता के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहरायी।
