बागली: बुधवार रात्रि में चिकित्सा विभाग में कार्यरत अनिल जोशी की धर्मपत्नी सुरक्षा जोशी जो स्वयं आंगनवाड़ी केंद्र दगड़ी में कार्यकर्ता के रूप में सेवाएं दे रही थी। हृदय घात होने से उनका निधन हो गया कुछ दिन पूर्व ही वन विभाग के सेवा निवृत डिप्टी रेंजर शेर सिंह नरवरिया का निधन होने से नगर में शौक रहा इसी प्रकार शिक्षक महेश गोस्वामी की माताजी नेमीचंद कारपेंटर की माताजी शाबान खान लक्ष्मी बस वाले की माताजी एवं अन्य तीन अलग-अलग परिवारों की महिला सहित तीन पुरुषों का निधन होने से मृत्यु दर संख्या लगातार बढ़ती जा रही है।
मुक्तिधाम सेवा समिति से जुड़े राजकुमार चावढ़ा ने बताया कि विगत 20 दिनों से चीता की अग्नि ठंडी नहीं हो रही उन्होंने स्वयं भगवान भूतेश्वर से प्रार्थना की है, कि अब हमारे बागली नगर में यम प्रवेश की गति को रोक दीजिए ,बागली क्षेत्र में आसपास भी आत्महत्या की घटनाएं भी पांच से अधिक सामने आई है। मंगलवार को बेहरी क्षेत्र से जुड़े पूर्व अर्ध सैनिक बल सिपाही मलखान सिंह भी भमोरी के निकट पेड़ पर लटके हुए मिले चार दिन पूर्व ही गांधी कॉलोनी से जुड़े भी दो व्यक्तियों के आत्महत्या करने के समाचार मिले वहीं इकलेरा फाटा पर मोटरसाइकिल दुर्घटना के चलते दो युवकों की मौत का समाचार मिला हाल ही में 2जोशी परिवारों मे हॉट पिपलिया में पूर्व शिक्षा मंत्री दीपक जोशी के भाई का निधन तथा बागली में अनिल जोशी की धर्मपत्नी का निधन जेसी दुखद घटना घटी है, उसने सभी को सोचने पर विवश कर दिया महज 40 से 60 वर्ष की उम्र में अटेक आना मेडिकल जगत में भी चिंता का विषय बन गया है। 15 दिन पूर्व छतरपुरा क्षेत्र में भी दो युवाओं की मृत्यु अटैक के चलते ही हुई थी।
बुजुर्ग लोग बताते हैं कि इन सब के पीछे कुछ हद तक कोरोना बीमारी और उसके बचाव के लिए लगाए गए वैक्सीन जिम्मेदार है। हालांकि चिकित्सा जगत इसकी पुष्टि नहीं करता लेकिन खान-पान मिलावट और जहरीले खाद्य पदार्थ ऑन के लगातार सेवन से इनकार भी नहीं करता है। बागली सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के वरिष्ठ चिकित्सक डॉक्टर हेमंत पटेल ने बताया कि व्यक्ति की दिनचर्या बहुत व्यस्त हो गई है जिसमें मोबाइल भी मुख्य कारण है 50 वर्ष की उम्र तक के व्यक्ति को कम से कम 12 घंटे तक नींद लेना वर्तमान समय में आवश्यक है। पंडित नरेंद्र वैष्णव ने बताया कि आने वाले श्राद्ध पक्ष भी देश दुनिया के लिए ठीक नहीं है ग्रह नक्षत्र के अनुसार अनहोनी घटनाएं पूरे क्षेत्र में होने की संभावना भी बताई गई है। इन सब से बचने का उपाय नित्य प्रतिदिन देव दर्शन करना है।
