पांढुरना। विश्व प्रसिद्ध गोटमार मेले के आयोजन को लेकर जहां एक और सावरगांव तथा पांढुरना पक्ष के विशेषकर युवा बड़े ही उत्साह के साथ तैयारियों में लगे हुए है,गोटमार स्थल नदी के दोनों और हजारों की संख्या में पत्थर बिछाने के साथ ही नदी में झंडे के रूप में लगाए जाने वाला पलाश वृक्ष जंगल से लाकर सुरक्षित रख दिया गया है,वहीं इस मेले को शांति पूर्वक संपन्न कराने जिला तथा पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है।
शुक्रवार को मनाया जाएगा गोटमार मेला
गौरतलब हो कि कई किंवदंतियों के आधार पर सदियों से महाराष्ट्रीय कृषकों के पोले त्यौहार के दूसरे दिन कृष्ण पक्ष की अमावस्या के दिन नगर के मध्य से प्रवाहित होने वाली जाम नदी के राधा कृष्ण मंदिर परिसर में मनाए जाने वाला विश्व प्रसिद्ध गोटमार मेला इस वर्ष 11 सितंबर 2026 को अपनी परंपरा अनुसार मनाया जाएंगा।
नदी के दोनों और बिछा दिए हजारों पत्थर
इस गोटमार मेले के लेकर पांढुरना तथा सावरगांव दोनों पक्षों के लोगों में भारी उत्साह दिखाई दे रहा है,दोनों ही पक्षों के लोगों ने नदी के दोनों किनारों पर हजारों की संख्या में पत्थर बिछा दिए है,इन्हीं पत्थरों से शुक्रवार को सुबह से लेकर शाम सावरगांव तथा पांढुरना पक्ष के लोग आमने सामने से प्रहार कर एक दूसरे को लहूलुहान करेंगे।
पुलिया पर बिछा दी टस्ट
गोटमार खेलने के दौरान सिमेंट्रीकृत पुलिया पर से पत्थर उछल कर किसी को भी गंभीर रूप से चोटिल ना कर दें इसलिए नगर पालिका द्वारा पुलिया पर टस्ट बिछा दी है।
जंगल से काटकर लाया पलाश वृक्ष रूपी झंडा
वहीं सावरगांव के कावले परिवार द्वारा अपनी परंपरा का निर्वाह करते हुए उत्साही युवकों की मदद से दो दिन पूर्व ही जंगल से पलाश का वृक्ष लाकर अपने घर में सुरक्षित रखा है,जिसे शुक्रवार को सूर्योदय के पूर्व ही दोनों ही पक्ष की सहमति से नगर पालिका प्रशासन की मदद से जाम नदि के बीचों बीच लगा दिया जाएंगा।
जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क
वहीं इस मेले को शांति पूर्वक संपन्न कराने को लेकर जिला तथा पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह सतर्क दिखाई दे रहा है,स्वयं जिला कलेक्टर नीरज कुमार वशिष्ठ,जिला पुलिस अधीक्षक चंद्रप्रकाश परिहार द्वारा गोटमार स्थल का निरीक्षण करने के साथ ही विभागीय अधिकारियों की बैठक लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए है।
जगह-जगह तैनात रहेंगे पुलिस जवान
वहीं किसी भी अप्रिय घटना को रोकने गोटमार स्थल के साथ ही नगर में भी जगह-जगह पुलिस बल तैनात रहेंगा,वहीं गोटमार मेले में घायल लोगों के त्वरित उपचार हेतू सावरगांव तथा पांढुरना दोनों ही और चार अस्थाई चिकित्सा शिविर लगाए जाएंगे तथा नगर के जिला चिकित्सालय में भी विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम पूरे दिन तैनात रहेंगी,वहीं गंभीर रूप से घायल लोगों को नागपुर या छिंदवाड़ा चिकित्सालय रेफर करने के लिए एम्बुलेंस जिला चिकित्सालय में रखी जाएंगी।
