
इंदौर. शेयर बाजार में दोगुना-तिगुना मुनाफा दिलाने का झांसा देकर देशभर में लोगों से ठगी करने वाले अंतरराज्यीय साइबर गिरोह का इंदौर में पर्दाफाश हुआ है. ललितपुर साइबर क्राइम पुलिस और विजय नगर पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में 13 आरोपियों को गिरफ्तार किया है.
गिरोह के सदस्य खुद को नामी ब्रोकरेज कंपनी का प्रतिनिधि बताकर लोगों से मोबाइल पर संपर्क करते थे. इसके बाद उन्हें नोकिया सिक्योरिटीज नाम का फर्जी ट्रेडिंग एप डाउनलोड करवाकर निवेश के लिए रकम जमा कराते थे. एप पर निवेश के बाद खाते में लगातार बढ़ता हुआ मुनाफा दिखाई देता था, जबकि यह रकम पूरी तरह फर्जी होती थी. जब निवेशक रकम निकालने की कोशिश करता तो ठग संपर्क बंद कर देते थे. इसी तरीके से ललितपुर में एक व्यक्ति से 70 हजार रुपए की ऑनलाइन ठगी हुई थी. शिकायत की जांच के दौरान तकनीकी निगरानी में आरोपियों की लोकेशन इंदौर के विजय नगर क्षेत्र में मिली.
इसके बाद ललितपुर साइबर क्राइम पुलिस ने इंदौर पुलिस से संपर्क किया. संयुक्त टीम ने विजय नगर क्षेत्र में कार्रवाई कर 13 आरोपियों को पकड़ा. सभी आरोपियों को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए ललितपुर साइबर क्राइम पुलिस के सुपुर्द कर दिया है. इंदौर पुलिस अब आरोपियों के बैंक खातों, मोबाइल फोन, कॉल डिटेल और डिजिटल लेनदेन की जानकारी खंगाल रही है. जांच इस दिशा में भी की जा रही है कि फर्जी एप के जरिए कितने लोगों को निशाना बनाया गया और गिरोह का नेटवर्क किन-किन राज्यों तक फैला है.
लोकेशन इंदौर में मिली थी : एडीसीपी
मामले में अतिरिक्त डीसीपी अमरेंद्र सिंह ने नव भारत को बताया कि ललितपुर की साइबर ठगी की जांच में आरोपियों की लोकेशन इंदौर में मिली थी. संयुक्त कार्रवाई में 13 आरोपियों को पकड़ा है. उनके बैंक खातों और डिजिटल गतिविधियों की जांच की जा रही है, जिससे गिरोह से जुड़े अन्य मामलों की जानकारी मिल सकती है.
