नई दिल्ली, अनएकेडमी की शुरुआत साल 2010 में गौरव मुंजाल द्वारा बनाए गए एक साधारण यूट्यूब चैनल से हुई थी, जिस पर वे पहले ग्राफिक डिजाइनिंग और बाद में प्रतियोगी परीक्षाओं के वीडियो साझा करते थे। छात्रों से मिल रहे जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद 10 दिसंबर 2015 को इसे औपचारिक रूप से एक पूर्ण डिजिटल एजुकेशन प्लेटफॉर्म के रूप में स्थापित किया गया, जिसने देखते ही देखते देश के करोड़ों छात्रों के बीच अपनी एक गहरी और मजबूत पहचान बनाई।
आईएएस की नौकरी छोड़कर रोमन सैनी और दोस्तों ने खड़ा किया स्टार्टअप
इस शानदार सफलता के पीछे तीन जिगरी दोस्तों—गौरव मुंजाल, रोमन सैनी और हिमेश सिंह की कड़ी मेहनत और विजन का बड़ा योगदान रहा है। खास तौर पर, 16 साल की उम्र में एआईएमएस की परीक्षा पास करने वाले और महज 21 साल की उम्र में आईएएस अधिकारी बने रोमन सैनी ने देशसेवा की प्रतिष्ठित नौकरी को बीच में ही छोड़कर अपने दोस्त गौरव और हिमेश के साथ इस डिजिटल शिक्षा क्रांति की नींव रखी थी।
अपग्रेड के साथ लगभग 200 मिलियन डॉलर की इस डील से बदलेगा बाजार
भले ही कंपनी ने अपनी पिछली पीक वैल्यूएशन के मुकाबले कम कीमत पर इस समझौते को अंतिम रूप दिया हो, लेकिन अपग्रेड द्वारा किए गए इस 200 मिलियन डॉलर (लगभग 1,600 करोड़ रुपये) के अधिग्रहण ने भारतीय स्टार्टअप और शिक्षा जगत का पूरा ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। को-फाउंडर गौरव मुंजाल द्वारा इस बड़ी डील की आधिकारिक पुष्टि करने के बाद, अब दोनों दिग्गज प्लेटफॉर्म्स के एक साथ आने से एडटेक सेक्टर में एक नए और प्रभावशाली दौर की शुरुआत होने की पूरी उम्मीद है।

