
बालाघाट, जिले के बैहर और बिरसा विकासखंड के प्रभावित ग्रामों में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अभिषेक सराफ के साथ ही अन्य विभागो के अधिकारियों द्वारा निरंतर स्वास्थ्य लाभ पहुंचाया जा रहा है। सीईओ श्री सराफ स्वास्थ्य और स्वच्छता संबंधी गतिविधियों की नियमित मॉनिटरिंग कर रहे है। विभिन्न विभागों द्वारा राहत कार्य लगातार जारी है। स्वास्थ्य विभाग ने अब तक 3,527 लोगों का घर-घर स्वास्थ्य परीक्षण किया है, जिसमें 720 विभिन्न बीमारियों के मरीज सामने आए हैं। इनमें 213 मरीजों को जिला चिकित्सालय भेजा गया, जबकि 507 मरीजों को घर पर ही उपचार उपलब्ध कराया गया। अभियान के तहत 19 गांवों के 2,343 घरों में कीटनाशक छिड़काव, हजारों बच्चों को स्वास्थ्य एवं पोषण संबंधी दवाएं, प्रभावित परिवारों को राशन तथा जरूरतमंद बच्चों एवं महिलाओं को कपड़े, चप्पल और मच्छरदानियों का वितरण किया गया।
213 मरीज जिला अस्पताल पहुंचे, 187 डिस्चार्ज, 26 उपचाररत
स्वास्थ्य विभाग द्वारा प्रभावित ग्रामों में घर-घर पहुंचकर स्क्रीनिंग, स्वास्थ्य परीक्षण, दवा वितरण एवं उपचार की कार्रवाई की जा रही है। 21 अगस्त को 6 व्यक्तियों को एहतियात के तौर पर बेहतर उपचार के लिए जिला चिकित्सालय रेफर किया गया।
अभियान के दौरान अब तक कुल 213 मरीजों को जिला चिकित्सालय भेजा गया है। इनमें से 187 मरीज स्वस्थ होने के बाद डिस्चार्ज किए जा चुके हैं, जबकि 26 मरीज उपचाररत हैं और उनकी स्थिति स्वस्थ बताई गई है। घर-घर किए गए सर्वेक्षण में अब तक 3,527 लोगों की जांच की गई। जांच के दौरान 720 विभिन्न बीमारियों के मरीज पाए गए। इनमें 213 मरीजों को अस्पताल में उपचार उपलब्ध कराया गया, जबकि 507 मरीजों को घर पर ही उपचार देकर स्वास्थ्य लाभ प्रदान किया गया। बीमारियों की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा 19 गांवों के 2,343 घरों में कीटनाशक छिड़काव किया गया है। इसके साथ ही सभी 19 प्रभावित गांवों में इंडोर एवं आउटडोर फॉगिंग तथा लार्वा सर्वे का कार्य भी पूर्ण किया गया।
आंगनवाडी केंद्रो में साफ सफाई व संतुलित भोजन पर भी निगरानी
महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा प्रभावित ग्रामों के आंगनबाड़ी केंद्रों में साफ-सफाई कराई गई तथा बच्चों को नियमित भोजन उपलब्ध कराने की व्यवस्था सुनिश्चित की गई। बैहर विकासखंड के 6 ग्रामों में संचालित 20 आंगनबाड़ी केंद्रों तथा बिरसा विकासखंड के 16 ग्रामों में संचालित 33 आंगनबाड़ी केंद्रों में साफ-सफाई कराई गई। बैहर के 20 आंगनबाड़ी केंद्रों के 369 बच्चों तथा बिरसा के 33 आंगनबाड़ी केंद्रों के 874 बच्चों को भोजन वितरित किया गया। इस प्रकार कुल 1,243 बच्चों तक भोजन पहुंचाया गया। इसके अलावा बैहर के 8 आंगनबाड़ी केंद्रों के 91 तथा बिरसा के 33 केंद्रों से जुड़े 269 महिला एवं बच्चों को घर पहुंचकर भोजन उपलब्ध कराया गया। बैहर विकासखंड के 16 आंगनबाड़ी केंद्रों के अंतर्गत 209 तथा बिरसा विकासखंड के 33 आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों, गर्भवती महिलाओं एवं धात्री माताओं को टीएचआर का वितरण किया गया।
71 जल स्रोतों का क्लोरीनेशन, 44 स्थानों से लिए पानी के नमूने
लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा प्रभावित ग्रामों में पेयजल की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए ब्लीचिंग, क्लोरीनेशन, जल परीक्षण और हैंडपंप सुधार का कार्य किया गया। बैहर विकासखंड के एक ग्राम में 20 स्थानों तथा बिरसा विकासखंड के एक ग्राम में 10 स्थानों पर ब्लीचिंग का छिड़काव किया गया। इस प्रकार कुल 30 स्थानों पर ब्लीचिंग की गई। बैहर विकासखंड के 2 ग्रामों में 34 तथा बिरसा विकासखंड के 2 ग्रामों में 37 जल स्रोतों का क्लोरीनेशन किया गया। कुल मिलाकर 71 जल स्रोतों को क्लोरीनेट किया गया। जल गुणवत्ता परीक्षण के लिए बैहर विकासखंड के एक ग्राम से 20 तथा बिरसा विकासखंड के एक ग्राम से 24 जल स्रोतों के नमूने लिए गए। कुल 44 जल नमूनों का संग्रहण किया गया। बैहर विकासखंड के एक ग्राम में एक खराब हैंडपंप का सुधार भी किया गया।
19 स्थानों पर डार्क स्पॉट की सफाई
पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा प्रभावित ग्रामों में जल स्रोतों के आसपास सफाई, दवा छिड़काव, गड्ढों को भरने, नाली सफाई और सड़क मार्गों की सफाई का कार्य कराया गया। जनपद पंचायत बैहर के 5 ग्रामों में 11 स्थानों पर जल स्रोतों के आसपास सफाई कराई गई। वहीं 2 ग्रामों में 2 स्थानों पर गड्ढे भरे गए। बैहर विकासखंड के 2 ग्रामों में 2 स्थानों तथा बिरसा विकासखंड के 3 ग्रामों में 3 स्थानों पर नालियों की सफाई की गई। बैहर के 2 ग्रामों में 2 स्थानों पर सड़क मार्गों की सफाई एवं सुधार कार्य भी कराया गया। डार्क स्पॉट की सफाई के तहत बैहर विकासखंड के एक ग्राम में एक तथा बिरसा विकासखंड के 14 ग्रामों में 18 स्थानों पर सफाई कराई गई। इस प्रकार कुल 19 स्थानों पर डार्क स्पॉट की सफाई की गई।
जनजातीय विभाग देख रहा छात्रावासों की स्थिति
जनजातीय कार्य विभाग द्वारा प्रभावित क्षेत्र में संचालित छात्रावासों, आश्रमों और विद्यालयों का निरीक्षण कर विद्यार्थियों को स्वच्छता एवं बीमारियों से बचाव के संबंध में जागरूक किया गया। सभी संस्थाओं में पानी की टंकियों की सफाई कराई जा चुकी है और परिसरों में नियमित सफाई की जा रही है। छात्रावासों एवं आश्रमों में शत-प्रतिशत मच्छरदानी की उपलब्धता सुनिश्चित की गई है। 21 अगस्त को बैहर विकासखंड के 3 छात्रावास एवं 3 शालाओं का अधिकारियों द्वारा निरीक्षण किया गया।
06 गांवों के 248 परिवारों तक पहुंचा राशन
प्रभावित क्षेत्र में राशन वितरण की व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए खाद्य विभाग द्वारा लगातार कार्रवाई की जा रही है। बैहर विकासखंड के 3 ग्रामों के 131 परिवारों तथा बिरसा विकासखंड के 3 ग्रामों के 117 परिवारों को आपके द्वार योजना एवं शासकीय उचित मूल्य दुकानों के माध्यम से खाद्यान्न उपलब्ध कराया गया। इस प्रकार दोनों विकासखंडों के कुल 6 गांवों के 248 परिवारों तक राशन पहुंचाया गया।
276 पशुओं की जांच, 251 का टीकाकरण
पशु चिकित्सा विभाग द्वारा प्रभावित क्षेत्र में पशुओं के स्वास्थ्य परीक्षण एवं टीकाकरण का अभियान भी चलाया गया। बैहर विकासखंड के 4 ग्रामों में 41 पशुओं की जांच की गई तथा 188 पशुओं का टीकाकरण किया गया। वहीं बिरसा विकासखंड के 13 ग्रामों में 235 पशुओं का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया और 63 पशुओं को एचएसबीक्यू का टीकाकरण किया गया। दोनों विकासखंडों को मिलाकर 17 गांवों में 276 पशुओं की जांच तथा 251 पशुओं का टीकाकरण किया गया। पशुपालकों को पशुओं एवं उनके आसपास साफ-सफाई बनाए रखने की समझाइश भी दी गई।
250 बच्चों को कपड़े, 200 को चप्पल और 176 मच्छरदानियों का वितरण
सामाजिक कार्यकर्ताओं द्वारा प्रभावित ग्रामों, विद्यालयों एवं आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों और महिलाओं को आवश्यक सामग्री वितरित की गई। अभियान के दौरान 250 बच्चों को कपड़े, 200 बच्चों को चप्पल तथा 176 मच्छरदानियां वितरित की गईं। इसके अलावा 300 महिलाओं को साबुन एवं वॉशिंग पाउडर तथा 250 महिलाओं को साड़ियों का वितरण किया गया।
