भिक्षावृत्ति मुक्त होगा भोपाल: अब सिर्फ हटाने तक नहीं सीमित, इंदौर मॉडल से होगा पुनर्वास

भोपाल। शहर को भिक्षावृत्ति मुक्त बनाने के लिए प्रशासन अब केवल सड़कों और सार्वजनिक स्थानों से भिक्षा मांगने वालों को हटाने तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि उनके रेस्क्यू के साथ पुनर्वास और काउंसलिंग की व्यवस्था भी की जाएगी। कलेक्टर प्रियंक मिश्रा की अध्यक्षता में नशा मुक्त भारत अभियान और भिक्षावृत्ति मुक्त भोपाल अभियान की समीक्षा बैठक में सामाजिक न्याय विभाग, नगर निगम और संस्था प्रवेश को मिलकर व्यापक अभियान चलाने के निर्देश दिए गए। इसके लिए इंदौर में अपनाए गए पुनर्वास-केंद्रित मॉडल का अध्ययन कर भोपाल के लिए कार्ययोजना तैयार की जाएगी।

हॉट-स्पॉट चिन्हित कर नशे पर भी शिकंजा

नशा मुक्त भारत अभियान के तहत जिले में ड्रग डिमांड रिडक्शन प्लान को प्रभावी तरीके से लागू करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन नशे से प्रभावित हॉट-स्पॉट चिन्हित करेगा और स्कूल-कॉलेजों में नियमित जागरूकता कार्यक्रम चलाए जाएंगे। युवाओं को नशे से दूर रखने के लिए च्नशा मुक्त युवा, विकसित भारतज् विषय पर कार्यक्रम और संकल्प दौड़ आयोजित की जा रही हैं। कलेक्टर ने कहा कि वे स्वयं भी विभिन्न संस्थाओं में होने वाले जागरूकता कार्यक्रमों में शामिल होंगे।

ड्रग्स की सूचना देने वालों की पहचान रहेगी गुप्त

प्रशासन ने नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार की जानकारी देने वाले नागरिकों को भरोसा दिलाया है कि उनकी पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी। नागरिक ड्रग्स या नशीले पदार्थों की तस्करी से जुड़ी जानकारी टोल-फ्री नंबर १९३३ अथवा एमएनएस पोर्टल के माध्यम से दे सकते हैं। संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस और प्रशासन की संयुक्त टीमें औचक निरीक्षण कर अवैध नशे के कारोबार के खिलाफ कार्रवाई कर रही हैं।

 

Next Post

भोपाल रेलवे स्टेशन पर बिकने वाला रेल नीर निकला प्रदूषित, जांच रिपोर्ट आते ही मचा हड़कंप

Fri Aug 21 , 2026
भोपाल। रेलवे स्टेशन पर सबसे अधिक पानी की बॉटल रेल नीर की ही बेची जाती है. रेलवे स्टेशन से लिए सैंपल में रेल नीर का पानी जांच में प्रदूषित पाया गया. सूत्रों से प्राप्त जानकारी अनुसार रेलवे के खाद्य सुरक्षा विभाग के दल ने कुछ दिन पहले ही इसके सेंपल […]

You May Like