इंदौर: बाणगंगा के रुचि रेस्टोरेंट के कर्मचारी श्रीराम राजपूत की हत्या के मामले में पुलिस की जांच में मालिक राहुल भाटी की सनक और कर्मचारी से पुरानी रंजिश सामने आई है. गल्ले से रुपए चोरी करने के शक में थप्पड़ खाने के बाद श्रीराम ने नौकरी छोड़ दी थी. उसके जाने के बाद रेस्टोरेंट का काम प्रभावित हुआ तो राहुल उसे दोबारा नौकरी पर लाने के बहाने घर से बुलाकर ले गया और रास्ते में उसकी हत्या कर दी.
श्रीराम को नौकरी पर वापस लाने के लिए राहुल उसके घर पहुंचा था. उसने श्रीराम से काम पर लौटने की बात कही और उसे अपने साथ लेकर निकला. पुलिस पूछताछ में सामने आया कि राहुल उसे रेस्टोरेंट ले जाने की बात कहकर निकला था, लेकिन रास्ते में गंगा नगर रेलवे पटरी के पास सिगरेट पीने के बहाने ले गया. यहां उसने पहले से छिपाकर रखी रॉड निकालकर श्रीराम पर हमला कर दिया. हमले में उसकी मौत हो गई. इसके बाद आरोपी वहां से भाग निकला.
रात में रेलवे पटरी के पास घास में श्रीराम का शव मिलने के बाद पुलिस ने उसकी पहचान कराई. जांच में पता चला कि वह शांति नगर स्थित रुचि रेस्टोरेंट में काम करता था. पुलिस ने उसके काम छोड़ने की वजह और रेस्टोरेंट संचालक से विवाद की जानकारी जुटाई तो राहुल पर संदेह गहराया. उसकी तलाश की गई और रात में उसे गिरफ्तार कर लिया. पूछताछ में उसने कर्मचारी की हत्या करना स्वीकार किया. श्रीराम करीब 55 साल का था और मूल रूप से सागर का रहने वाला था. वह पत्नी और दो बेटों के साथ इंदौर में रह रहा था. जिस व्यक्ति के यहां वह रोजगार कर परिवार चला रहा था, उसी के हाथों उसकी जान चली गई. अब पुलिस हत्या में इस्तेमाल रॉड और वारदात से जुड़े अन्य साक्ष्यों को जांच में शामिल कर रही है
