देहरादून 08 अगस्त (वार्ता) उत्तराखंड में प्रचलित कांवड़ यात्रा के दौरान राज्य की देवदूत कहे जाने वाले राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ) की टीमों ने शनिवार को हरिद्वार और ऋषिकेश के गंगा घाटों पर पानी के तेज बहाव में फंसे 18 शिवभक्तों को सकुशल बचा लिया है।
एसडीआरएफ के सेनानायक अर्पण यदुवंशी ने बताया कि कांवड़ यात्रा के दृष्टिगत श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए हरिद्वार एवं ऋषिकेश के विभिन्न घाटों तथा संवेदनशील स्थानों पर एसडीआरएफ की टीमें तैनात की गई हैं। गंगा में स्नान के दौरान किसी भी अप्रिय घटना की स्थिति से निपटने के लिए उनके जवानों द्वारा पूरी सतर्कता एवं तत्परता के साथ लगातार निगरानी रखी जा रही है।
इसी क्रम में आज हरिद्वार के विभिन्न घाटों पर गंगा स्नान के दौरान पैर फिसलने एवं गंगा के तेज बहाव की चपेट में आने से संकट में फंसे कुल 18 शिवभक्तों को त्वरित बचाव की कार्रवाई करते हुए सकुशल बाहर निकाला गया। उन्होंने बताया कि बचाए गए शिवभक्तों में मिथलेश, सर्वेश, दोनों निवासी एटा, उत्तर प्रदेश, सुमित, पुत्र कुलदीप, आयु 13 वर्ष, निवासी बहादरगढ़, नयागांव, हरियाणा, राजू, पुत्र ओमपाल, आयु 21 वर्ष, निवासी मिर्जापुर, उत्तर प्रदेश, फूल कुमार मंडल, पुत्र अमूल्य मंडल, आयु 17 वर्ष, निवासी मंडावली, साकेत ब्लॉक, गली नंबर 12, दिल्ली, अनिमेश मंडल, पुत्र मृणाल मंडल, आयु 27 वर्ष, निवासी मंडावली, साकेत ब्लॉक, गली नंबर 12, दिल्ली, सुनील, पुत्र सतीश, आयु 23 वर्ष, निवासी पलवल, हरियाणा, साहिल, पुत्र रोहताश, आयु 24 वर्ष, निवासी बक्करवाला, दिल्ली, रणवीर, पुत्र बाबूराम, आयु 26 वर्ष, निवासी पलवल, हरियाणा और नितिन, पुत्र रामप्रकाश, आयु 16 वर्ष, निवासी अलीगढ़, उत्तर प्रदेश हैं।
श्री यदुवंशी ने बताया कि इनके अलावा, शहजाद, पुत्र मुस्तफा, आयु 25 वर्ष, निवासी ज्वालापुर, हरिद्वार, कृष्णा, पुत्र पप्पी सिंह, आयु 18 वर्ष, निवासी मुरादाबाद, सौंडारा, उत्तर प्रदेश, विक्रम, पुत्र मंगल सिंह, आयु 22 वर्ष, निवासी रोहतक, हरियाणा, सचिन कुमार, पुत्र राधेश्याम, आयु 25 वर्ष, निवासी पानीपत, हरियाणा, विजेंद्र, पुत्र मांगेराम, आयु 26 वर्ष, निवासी पानीपत, हरियाणा, हरमन, पुत्र चिड़िया सिंह, निवासी गांव अलीका, सिरसा, हरियाणा, अमित, पुत्र रमेश चंद, आयु 30 वर्ष, निवासी गांव मंडलाना, नारनौल, हरियाणा और कपिल दुहन पुत्र सत्यवान दुहन, राेहतक हरियाणा को सकुशल गंगा की तेज लहरों में डूबने से सुरक्षित बचाया गया।
उन्होंने कहा कि कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा एसडीआरएफ की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में है। उन्होंने सभी शिवभक्तों एवं नदी तटों पर आने वाले श्रद्धालुओं से अपील की कि गंगा एवं अन्य नदियों में स्नान करते समय निर्धारित एवं सुरक्षित घाटों का ही प्रयोग करें तथा तेज बहाव और गहरे पानी वाले स्थानों पर जाने से बचें।
उन्होंने अपील की है कि नदी के जलस्तर एवं बहाव में अचानक होने वाले परिवर्तन को देखते हुए किसी भी प्रकार का जोखिम न लें तथा मौके पर तैनात एसडीआरएफ एवं पुलिस जवानों द्वारा दिए जा रहे सुरक्षा निर्देशों का पालन करें।
