
दमोह। पीएम केन्द्रीय विद्यालय, दमोह में केन्द्रीय विद्यालय संगठन, जबलपुर संभाग द्वारा आयोजित दो दिवसीय संभाग स्तरीय राष्ट्रीय एकता पर्व एक भारत श्रेष्ठ भारत व कला उत्सव-2026 का शुभारंभ सोमवार, 3 अगस्त 2026 को गरिमामय वातावरण में हुआ। कार्यक्रम का उद्घाटन केन्द्रीय विद्यालय संगठन, जबलपुर संभाग के उपायुक्त डी. आर. मीणा व सहायक आयुक्त श्रीमती किरण शर्मा ने दीप प्रज्वलित कर किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सहायक आयुक्त व कार्यक्रम की संभागीय प्रभारी श्रीमती किरण शर्मा ने प्रतिभागियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों की सृजनात्मक क्षमता को निखारने के साथ-साथ राष्ट्रीय एकता और सांस्कृतिक समन्वय की भावना को भी सुदृढ़ करते हैं। उन्होंने सभी प्रतिभागियों को पूरे उत्साह व आत्मविश्वास के साथ अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने के लिए प्रेरित किया।अपने उद्बोधन में उपायुक्त श्री डी. आर. मीणा ने कहा कि ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि भारत की सांस्कृतिक विविधता को एक सूत्र में पिरोने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने विद्यार्थियों से केन्द्रीय विद्यालय संगठन के सांस्कृतिक युग्मित राज्य ओडिशा की समृद्ध संस्कृति, कला, भाषा, लोक परंपराओं व विरासत को जानने, समझने और अपने जीवन में अपनाने का आह्वान किया।ज्ञातव्य है कि कला उत्सव’ का आयोजन एनसीईआरटी तथा ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ कार्यक्रम का आयोजन केन्द्रीय विद्यालय संगठन द्वारा किया जाता है। इस अवसर पर विद्यालय परिसर में नृत्य, चित्रकला, हस्तशिल्प कला, गायन, वादन, मूर्तिकला व प्रश्नोत्तरी सहित अनेक प्रतियोगिताओं का आयोजन एकल व सामूहिक वर्गों में किया जा रहा है।
इस आयोजन में केन्द्रीय विद्यालय एसईसीएल जमुना कोलियरी, केन्द्रीय विद्यालय क्रमांक-1 सतना, केन्द्रीय विद्यालय क्रमांक-1 छिंदवाड़ा, केन्द्रीय विद्यालय क्रमांक-1 सागर, तथा केन्द्रीय विद्यालय जीसीएफ क्रमांक-1 जबलपुर सहित पांच संकुलों से चयनित लगभग 250 छात्र-छात्राएँ भाग ले रहे हैं। प्रतियोगिताएं 3 व 4 अगस्त को आयोजित की जा रही हैं।
कार्यक्रम का समापन 4 अगस्त 2026 को होगा, जिसमें विभिन्न प्रतियोगिताओं के परिणाम घोषित किए जाएंगे तथा विजेता प्रतिभागियों को सम्मानित किया जाएगा। चयनित छात्र-छात्राएँ आगामी राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में केन्द्रीय विद्यालय संगठन, जबलपुर संभाग का प्रतिनिधित्व करेंगे।
कार्यक्रम के प्रथम दिवस में विद्यालय परिसर सांस्कृतिक उल्लास, रचनात्मक ऊर्जा व राष्ट्रीय एकता की भावना से ओतप्रोत दिखाई दिया। ओडिशा की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत की झलक ने पूरे वातावरण को रंग-बिरंगा और प्रेरणादायी बना दिया।
