नई दिल्ली, आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल इथेनॉल नीति में कथित कमियों को उजागर करने वाली ऑनलाइन याचिका प्रधानमंत्री को सौंपने के लिए आज दोपहर करीब 12 बजे सौ लोगों के साथ मार्च निकालने वाले थे, लेकिन दिल्ली पुलिस ने इसकी अनुमति नहीं दी।
ऑनलाइन याचिका और प्रधानमंत्री आवास मार्च
प्रधानमंत्री के नाम शुरू की गई इस याचिका पर 2,33,238 से अधिक लोगों ने हस्ताक्षर किए हैं। केजरीवाल व्यक्तिगत रूप से इस याचिका को प्रधानमंत्री तक पहुंचाकर इस गंभीर मुद्दे पर सीधी चर्चा करना चाहते थे, जिसके चलते यह विरोध प्रदर्शन तय किया गया था।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम और रोक
मार्च की घोषणा के बाद दिल्ली पुलिस ने एहतियात के तौर पर प्रधानमंत्री आवास के आसपास सुरक्षा व्यवस्था को अत्यधिक कड़ा कर दिया है। अनुमति न मिलने के कारण इलाके में तनाव और हलचल का माहौल बना हुआ है।

