चंडीगढ़ 29 जुलाई (वार्ता) पंजाब के खडूर साहिब से सांसद अमृतपाल सिंह की रिहाई और बंदी सिखों की रिहाई की मांग को लेकर बुधवार को अकाली दल (वारिस पंजाब दे) के कार्यकर्ताओं ने चंडीगढ़ में जोरदार प्रदर्शन किया।
प्रदर्शनकारियों ने सेक्टर-45 स्थित गौशाला चौक पर पुलिस की बैरिकेडिंग तोड़ दी और मुख्यमंत्री भगवंत मान के सेक्टर-2 स्थित सरकारी आवास के करीब एक किलोमीटर तक पहुंच गए। स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री की सुरक्षा बढ़ा दी गई और अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया।
प्रदर्शनकारी पहले मोहाली के गुरुद्वारा अंब साहिब में एकत्र हुए और वहां से पैदल एवं वाहनों के काफिले के साथ चंडीगढ़ की ओर रवाना हुए। मोहाली पुलिस उन्हें चंडीगढ़ सीमा तक एस्कॉर्ट करती रही, लेकिन सेक्टर-45 बॉर्डर पर चंडीगढ़ पुलिस ने बैरिकेडिंग कर उन्हें रोकने का प्रयास किया।
पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच बहस के बाद प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेड हटाकर आगे बढ़ने की कोशिश की। इसके जवाब में पुलिस ने वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। इस दौरान कुछ प्रदर्शनकारियों को चोटें आईं और कुछ की पगड़ियां भी उतर गईं। नाराज प्रदर्शनकारियों ने वाटर कैनन पर चढ़कर उसकी नोजल दूसरी दिशा में मोड़ दी और आगे बढ़ गए।
बाद में प्रदर्शनकारियों की अगुवाई कर रहे अमृतपाल सिंह के पिता तरसेम सिंह और दाखा से विधायक मनप्रीत सिंह अयाली ने सेक्टर-7/8 चौक के पास प्रशासन को मांगपत्र सौंपा। इसके बावजूद कुछ प्रदर्शनकारी मुख्यमंत्री आवास की ओर बढ़ते रहे, जिन्हें पुलिस ने हिरासत में ले लिया।
तरसेम सिंह ने आरोप लगाया कि सरकार उनके शांतिपूर्ण प्रदर्शन को बदनाम करने की कोशिश कर रही है और उपद्रव करने वाले लोग उनके समर्थक नहीं हैं।
